नई दिल्ली | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आज हुई कैबिनेट मीटिंग में तीन ऐतिहासिक फैसले लिए गए हैं। सबसे बड़ी सौगात दिव्यांग व्यक्तियों को मिली हैं। केंद्र सरकार ने दिव्यांग पेंशन से जुड़े नियमों में बड़ी ढील देते हुए उनके जीवन को सरल बनाने का काम किया है। सरकार के इस फैसले से दिव्यांग व्यक्तियों को बड़े स्तर पर राहत पहुंचेगी।

दिव्यांग व्यक्तियों को बड़ी राहत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में कैबिनेट की आज हुई बैठक में दिव्यांगजन पेंशन के पात्रता नियमों में बड़ा बदलाव किया गया है। नए नियमों के तहत अब न्यूनतम उम्र की बाध्यता को पूरी तरह खत्म कर दिया गया है, जिससे दिव्यांगजन अब जन्म से ही पेंशन प्राप्त करने के पात्र होंगे। इसके साथ ही, अब 40 प्रतिशत दिव्यांगता वाले लोग भी इस पेंशन के हकदार बन गए हैं। सरकार के इस फैसले से देश के लाखों दिव्यांगजनों को बड़ी राहत मिली है।
बता दें कि दिव्यांग पेंशन बनवाने के लिए पहले 80% दिव्यांगता अनिवार्य होती थी। अब केंद्र सरकार ने इस मामले में बड़ी ढील देते हुए दिव्यांगता पेंशन के लिए 40% का प्रमाणपत्र अनिवार्य कर दिया है। सरकार के इस फैसले से अब कम दिव्यांगता वाले व्यक्तियों को भी पेंशन का लाभ मिलेगा जिससे उन्हें अपनी आजीविका के लिए दूसरों पर निर्भर रहने से छुटकारा मिलेगा।
बता दें कि हर राज्य में दिव्यांग पेंशन के रूप में अलग-अलग राशि का लाभ मिलता है। हरियाणा की बात करें तो यहां दिव्यांग व्यक्तियों को हर महीने पेंशन के रूप में 3,200 रुपए की सम्मान राशि मिल रही है।