नई दिल्ली | टीम इंडिया को पाकिस्तान के खिलाफ 5 विकेट से करारी हार का सामना करना पड़ा था. मुकाबले में भारत की हार के बाद से ही अर्शदीप सिंह सोशल मीडिया पर चर्चा का केंद्र बने हुए हैं. बता दें कि सीमा- पार मौजूद कुछ लोगों ने इस तेज गेंदबाज को ट्रोल करना शुरू कर दिया है, साथ ही वह इनके खालिस्तान तक से फर्जी कनेक्शन बना रहे हैं. इसके बाद से टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर भी लगातार उनके समर्थन में आ रहे हैं.
कई नेताओं ने किया अर्शदीप का समर्थन
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व क्रिकेटर व राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह के साथ-साथ अन्य कई नेता भी तेज गेंदबाज के समर्थन में आए हैं. पंजाब के पूर्व सीएम अमरिंदर सिंह, खेल मंत्री गुरमीत सिंह मीत आदि 23 वर्षीय क्रिकेटर का बचाव करते दिखाई दिए . बता दें कि दरअसल मामला कुछ ऐसा था कि पाकिस्तान के खिलाफ भारत के मुकाबले मे अर्शदीप ने आसिफ अली का कैच छोड़ दिया था. तभी से अर्शदीप सोशल मीडिया पर चर्चा में है.
हरभजन सिंह ने दिया हेटर्स को मुंहतोड़ जवाब
हरभजन सिंह ने ट्वीट करके लिखा कि युवा तेज गेंदबाज की आलोचना करना बंद करो. कोई भी जानबूझकर कैच नहीं छोड़ता. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान बेहतर खेला, इस मंच पर अपने ही खिलाड़ियों के बारे में ऐसी घटिया बातें करते हुए हमें शर्म आनी चाहिए. वही चड्डा ने कहा कि अर्शदीप इतना प्रभावशाली है कि वह आने वाले समय में टीम इंडिया की तेज गेंदबाजी में अगवाई करता हुआ नजर आएगा. वहीं पंजाब के खेल मंत्री गुरमीत सिंह ने कहा कि खेल में हार-जीत ऐसे ही लगी रहती है.
परिवार ने भी रखी आलोचना पर अपनी प्रतिक्रिया
अर्शदीप सिंह ने बहुत कम समय में अपना नाम बनाया है और उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ काफी अच्छा प्रदर्शन किया है एक कैच छोड़ने पर हम उनकी आलोचना नहीं कर सकते, यह गलत है. वहीं इस मामले पर अर्शदीप सिंह की फैमिली ने कहा कि ट्रोलिंग से उन्हें कोई एतराज नहीं है. यह केवल अर्शदीप सिंह के बेहतर प्रदर्शन करने के संकल्प को और भी मजबूत करेगा.
