महेंद्रगढ़ | हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले से एक अनोखी परंपरा सामने आई है. दरअसल, यहां नारनौल में बछड़े के जन्म पर एक किसान परिवार ने बेटे की तरह उसका स्वागत किया और बछड़े की खुशी में जागरण और भजन कीर्तन का आयोजन किया. आयोजन से पहले पूरे गांव में पोस्टर लगवाए और ग्रामीणों को कार्यक्रम में बुलाया. उनका यह कार्यक्रम पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है.

बछड़े के जन्म पर छठी कार्यक्रम
गांव डोहर निवासी मोहनलाल और विक्की अपने घर में गाय को पालते है और जब गाय के बछड़ा होता है तो उन्होंने इसकी खुशी पूरे धूमधाम से मनाई. इस खुशी में उन्होंने ग्रामीणों को भोजन कराया और शाम के समय भजन कीर्तन किया. उन्होंने गाय के बछड़े के जन्म को अपने बेटे के जन्मदिन की तरह मनाया. इस दौरान छठी कार्यक्रम का आयोजन किया.
भक्तों की लगी भीड़
इस कार्यक्रम के आयोजन के दौरान माहौल पूरी तरह भक्तिमय रहा, जहां भगवान श्रीकृष्ण और गौमाता की महिमा का गुणगान भजनों के माध्यम से किया गया. इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भक्तजन पहुंचे. कार्यक्रम मंच पर गायक कलाकारों की प्रस्तुति ने मन मौह लिया.
किसान ने बछड़े के जन्म को शुभ मानते हुए आसपास के गांवों में भी निमंत्रण पत्र भेजा. इस मौके पर खाने- पीने की व्यवस्था की गई और गांव में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला. इस मौके पर ग्रामीणों ने बढ़- चढ़कर बड़े चाव से भाग लिया और आयोजन को रंगीन बनाया. महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों ने मिलकर भजन – कीर्तन में हिस्सा लिया. ग्रामीणों का मानना है कि पशुओं का जन्म भी परिवार और समाज के लिए शुभ होता है.