नई दिल्ली | सोशल मीडिया पर इन दिनों एक Video तेजी से वायरल हो रहा है जिसने लोगों के बीच बहस छेड़ दी है. वीडियो में दावा किया जा रहा है कि बाढ़ के तेज बहाव में फंसे एक बाघ की जान एक हाथी ने बचाई. यह दृश्य देखने में बेहद भावुक लगता है लेकिन इसकी सच्चाई को लेकर सोशल मीडिया यूजर्स 2 हिस्सों में बंटे हुए हैं. कुछ लोग इसे जानवरों के बीच मदद और संवेदनशीलता की मिसाल बता रहे हैं जबकि कई यूजर्स इसे AI से तैयार किया गया वीडियो मान रहे हैं. वायरल वीडियो को इंडोनेशिया के सुमात्रा का बताया जा रहा है.

वीडियो में एक बाघ तेज बहाव वाले बाढ़ के पानी में संघर्ष करता दिखाई देता है. उस दौरान एक हाथी पानी के बीच खड़ा नजर आता है. बाघ हाथी की सूंड का सहारा लेकर छलांग लगाता है और उसकी पीठ पर चढ़ जाता है. हाथी बाघ को अपनी पीठ पर बैठाकर धीरे- धीरे सुरक्षित दिशा में बढ़ता दिखाई देता है. यहीं पर वीडियो समाप्त हो जाता है.
देखें Video
वीडियो सामने आने के बाद इसकी प्रामाणिकता पर सवाल उठने लगे हैं. बड़ी संख्या में सोशल मीडिया यूजर्स का कहना है कि यह वीडियो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI की मदद से बनाया गया हो सकता है. उनका तर्क है कि वीडियो में कई दृश्य अस्वाभाविक लगते हैं. फिलहाल, इस घटना की पुष्टि करने वाला कोई आधिकारिक स्रोत भी सामने नहीं आया है. दूसरी ओर कुछ लोग इस वीडियो को जानवरों के बीच सहयोग और संवेदनशील व्यवहार का उदाहरण मान रहे हैं. उनका कहना है कि प्रकृति में कई बार ऐसे दुर्लभ दृश्य देखने को मिल जाते हैं, जिन्हें देखकर लोग हैरान रह जाते हैं.
बाघ बाढ़ में फंस गया…हाथ ने सहारा दिया… इंडोनेशिया के सुमात्रा का वीडियो है pic.twitter.com/OppURuAL5y
— yogeshh sharma.. (@yogeshsh2135) July 9, 2026
कमेंट्स भी मजेदार
वीडियो पर लोगों की प्रतिक्रियाएं भी काफी दिलचस्प हैं. कुछ यूजर्स ने लिखा कि कई बार जानवर इंसानों से भी ज्यादा संवेदनशील और मददगार साबित होते हैं. वहीं कुछ लोगों ने कहा कि AI तकनीक इतनी विकसित हो चुकी है कि असली और नकली वीडियो में अंतर करना लगातार मुश्किल होता जा रहा है. कई यूजर्स ने वीडियो की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए पूछा कि यदि बाघ वास्तव में तेज बहाव में फंसा था तो उस समय इतनी नजदीक से वीडियो रिकॉर्ड कौन कर रहा था. कुछ लोगों ने यह भी याद दिलाया कि बाघ स्वाभाविक रूप से अच्छे तैराक होते हैं और वे नदियां भी आसानी से पार कर लेते हैं. ऐसे में वीडियो में दिखाया गया दावा कई लोगों को संदिग्ध लग रहा है.
फिलहाल, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है. ऐसे में इसे वास्तविक घटना मानने से पहले सावधानी बरतना जरूरी है क्योंकि सोशल मीडिया पर AI से तैयार किए गए वीडियो और भ्रामक कंटेंट तेजी से सामने आ रहे हैं.