भिवानी | हरियाणा में खेती के साथ पशुपालन भी ग्रामीणों की आमदनी का बड़ा जरिया है। यहां कई किसान अच्छी नस्ल की गाय-भैंस पालकर दूध उत्पादन से कमाई कर रहे हैं। खासकर मुर्रा नस्ल की भैंसों की काफी मांग रहती है। इसी बीच भिवानी जिले के एक पशुपालक की झोटी लाखों रुपये में बिकी है, जिसकी कीमत सुनकर आसपास के लोग भी हैरान हैं।

भिवानी जिले के जुई बिचली गांव निवासी पशुपालक वेदपाल मेचु ने अपनी मुर्रा नस्ल की झोटी 7 लाख 11 हजार रुपये में बेची है। इसे रोहतक निवासी विशाल अहलावत ने खरीदा है। झोटी की इतनी ऊंची कीमत मिलने से क्षेत्र के पशुपालकों में इसकी चर्चा हो रही है।
18 किलो 500 ग्राम दूध
वेदपाल मेचु की इस झोटी ने पहले ही ब्यांत में 18 किलो 500 ग्राम दूध दिया है। इसकी दूध उत्पादन क्षमता को अधिक कीमत मिलने की प्रमुख वजह बताया जा रहा है। मुर्रा नस्ल की भैंसें अच्छी दूध उत्पादन क्षमता के लिए जानी जाती हैं। हालांकि, प्रत्येक पशु का दूध उत्पादन उसकी नस्ल, खानपान, स्वास्थ्य और देखभाल पर निर्भर करता है।
पशुपालकों के लिए बनी मिसाल
वहीं, वेदपाल मेचु की इस उपलब्धि से आसपास के पशुपालकों को भी प्रोत्साहन मिला है। अच्छी नस्ल के पशुओं का चयन और उनकी सही देखभाल करके पशुपालन से बेहतर आमदनी की संभावनाएं बढ़ सकती हैं। इस मौके पर करतार मेचु, संदीप मेचु, विनोद सामोता, राकेश श्योराण, नवनीत शर्मा, सचिन रापड़िया, ईश्वर सिंघवा, अशोक मेचु और पूर्व सरपंच सोमबीर मेचु सहित कई लोग मौजूद रहे।