चंडीगढ़ | हरियाणा के किसानों के लिए एक बड़ी राहत वाली खबर है. राज्य सरकार ने खरीफ विपणन सीजन 2025- 26 के तहत धान की सरकारी खरीद को 22 सितंबर से शुरू करने की आधिकारिक घोषणा कर दी है. खरीफ फसलों मक्का, बाजरा व मूंग आदि की सरकारी खरीद अपने निर्धारित समय 1 अक्टूबर से शुरू होगी. सोयाबीन की खरीद 15 अक्टूबर से, मूंगफली 1 नवंबर से और उड़द, तिल व अरहर 1 दिसंबर से खरीदी जाएगी.
वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति
खरीफ फसलों की सरकारी खरीद प्रक्रिया को सुचारू बनाने के लिए सरकार ने 22 जिलों में वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति कर दी है. चीफ सेक्रेटरी अनुराग रस्तोगी द्वारा जारी आदेशानुसार, इन अधिकारियों को अपने- अपने जिलों की मंडियों और खरीद केंद्रों पर मूलभूत सुविधाओं की जांच, खरीद कार्य की समीक्षा और किसानों की शिकायतों का तुरंत निपटान सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है. बारिश व जलभराव की स्थिति को देखते हुए इस बार धान पर 17% और बाजरे पर 13% नमी की छूट दी गई है.
राइस मिलरों के लिए खुशखबरी
साल 2024- 25 में भारतीय खाद्य निगम (FCI) द्वारा चावल की डिलीवरी लगभग 45 दिन देर से शुरू हुई थी. मिलर्स अपना काम तय समय पर पूरा नहीं कर पाए थे. इसलिए प्रदेश सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए राइस मिलर्स को दिए जाने वाले बोनस की अवधि 15 मार्च, 2025 से बढ़ाकर 30 जून, 2025 कर दी है. इस फैसले से प्रदेश की करीब 1 हजार मिलों को लाभ पहुंचेगा.
सरकार ने राइस मिलर्स की चावल डिलीवरी अवधि को भी रि- शेड्यूल करते हुए 30 जून, 2025 कर दिया है. इससे मिलर्स को बोनस की राशि के साथ- साथ 50 करोड़ रुपए तक होल्डिंग चार्जेज में छूट का लाभ मिलेगा.
मिलेगा बोनस
किसानों को सोयाबीन, काला तिल, उड़द और अरहर जैसी फसलों की ओर प्रोत्साहित करने का लक्ष्य भी निर्धारित किया है. इन फसलों की खरीद पर सरकार बोनस देगी. सोयाबीन को पौष्टिक और स्वास्थ्यवर्धक उत्पादों का प्रमुख स्रोत बताकर सरकार इसके उत्पादन पर विशेष जोर दे रही है.
