इस बार मानसून सत्र में इनेलो के विधायक नहीं, चप्पे-चप्पे पर मार्शल और हरियाणा पुलिस के जवान रहेंगे तैनात

चंडीगढ़ | 20 अगस्त से शुरू होने वाले हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र के हंगामे पूर्ण हो रहने की संभावना है. इस मानसून सत्र में इनेलो का कोई भी विधायक मौजूद नहीं होगा. गौरतलब है कि इनेलो के एकमात्र विधायक अभय सिंह चौटाला ने कृषि कानूनों के विरोध में त्यागपत्र दे दिया था. पिछले विधानसभा सत्र में भी अभय चौटाला किसी कारणवश मौजूद नहीं थे. ऐलनाबाद के उप चुनाव की तिथि अभी घोषित नहीं हुई है.

Monsoon Session Haryana

मानसून सत्र में कांग्रेस जहां बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार और कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे आंदोलन जैसे प्रमुख मुद्दों पर सदन को घेरने की कोशिश करेगी. वहीं भाजपा की तरफ से शब्दबाण को संभालने व जवाबदेही की जिम्मेदारी मुख्यमंत्री मनोहर लाल, गृह- स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज तथा शिक्षा मंत्री कंवर पाल गुर्जर की प्रमुख रूप से रहेगी. कांग्रेस की तरफ से भूपेंद्र सिंह हुड्डा, गीता भुक्कल, रघुबीर सिंह कादियान, किरण चौधरी आदि प्रमुख रूप से मोर्चा संभालेंगे.

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विधानसभा का मानसून सत्र 3 दिन चलने की आशा है. आधिकारिक रूप से विधानसभा सत्र की समय अवधि को लेकर अंतिम मोहर बिजनेस एडवाइजरी कमेटी में लगेगी. मानसून सत्र के दौरान कांग्रेस, भाजपा, जेजेपी और निर्दलीय विधायकों को अपने विधानसभा के मुद्दों को उठाने का मौका भी मिलेगा.

इस बार विधानसभा सत्र कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए चलेगा. केंद्र सरकार ने जो नियम कोरोना से संबंधित जारी किए हुए हैं, उनका विशेष ध्यान रखा जाएगा. विधायकों के बैठने की व्यवस्था सोशल डिस्टेंसिंग के साथ की जाएगी. मास्क पहन कर आना अनिवार्य होगा. मीडिया की व्यवस्था पहले की तरह इस बार भी हरियाणा भवन में ही की जाएगी.

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बजट सत्र के दौरान हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल पर पंजाब के कुछ विधायकों द्वारा हमला करने की कोशिश की गई थी. इस मामले की गंभीरता को समझते हुए हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष काफी चिंतित थी और उन्होंने मामले की जांच डीजीपी हरियाणा को सौंप दी थी. 3 सदस्य कमेटी ने रिपोर्ट में सुरक्षा को लेकर सुझाव दिए थे. इन्हीं सुझावों का इस विधानसभा सत्र में पालन किया जाएगा.

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सभी कमजोर बिंदुओं पर ठीक तरह से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाने के आदेश जारी किए गए हैं. प्राप्त सूत्रों के अनुसार मानसून सत्र में इस बार चप्पे-चप्पे पर मार्शल या हरियाणा पुलिस तैनात रहेगी. आने जाने वालों की हर बार तलाशी लेने की खबरें सुनने में आ रही है. मुख्यमंत्री पर हमला होना असामान्य घटना है, जिसके बाद से अब सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह से अलर्ट मोड़ पर दिखेंगी.

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