नई दिल्ली | रेलयात्रियों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. आगामी ग्रीष्मकालीन अवकाश को देखते हुए भारतीय रेलवे (Indian Railways) द्वारा कई प्रमुख शहरों के बीच स्पेशल ट्रेनों को संचालित किया जाएगा. इसी कड़ी में दिल्ली- बिहार के बीच सफर आसान बनाने के लिए एक और स्पेशल ट्रेन संचालित होगी. दिल्ली से सिर्फ बिहार ही नहीं बल्कि उत्तर प्रदेश के लिए भी समर स्पेशल ट्रेनें संचालित हो रही है.
ये रहेगा शेड्यूल
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने बताया कि ट्रेन नंबर 05113/05114 छपरा-आनंद विहार टर्मिनल-छपरा वाया गोरखपुर ग्रीष्मकालीन साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन छपरा से हर बुधवार को चलेगी. यह ट्रेन 14 मई से 16 जुलाई तक संचालित होगी. वहीं, आनंद विहार टर्मिनल से प्रत्येक वीरवार को 15 मई से 17 जुलाई तक संचालित होगी.
उन्होंने बताया कि समर स्पेशल इस ट्रेन में एसएलआरडी के 02, सामान्य द्वितीय श्रेणी के 06, स्लीपर श्रेणी के 10, एसी तृतीय श्रेणी के 03 और एसी द्वितीय श्रेणी के 01 कोच सहित कुल 22 कोच लगाए जाएंगे.
छपरा से चलने का समय
ट्रेन नंबर 05113, छपरा-आनंद विहार टर्मिनल ग्रीष्मकालीन साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन 14 मई से 16 जुलाई तक प्रत्येक बुधवार को छपरा से 15.45 रवाना होकर छपरा कचहरी 15.57 बजे, मशरख से 16.47 बजे, दिघवा दुबौली से 17.19 बजे, थावे से 18.50 बजे, तमकुही रोड से 19.22 बजे, पडरौना से 19.55 बजे, कप्तानगंज से 21.20 बजे, गोरखपुर से 22.40 बजे, खलीलाबाद से 23.16 बजे, बस्ती से 23.44 बजे, दूसरे दिन गोंडा से 01.10 बजे, बुढ़वल से 03.03 बजे, सीतापुर से 04.55 बजे, शाहजहांपुर से 07.02 बजे, बरेली से 8 बजे और मुरादाबाद से 10 बजे छूटकर 14.25 बजे आनंद विहार टर्मिनल पहुंचेगी.
आनंद विहार टर्मिनल से शेड्यूल
इसी तरह वापसी में ट्रेन नंबर 05114, आनंद विहार टर्मिनल-छपरा ग्रीष्मकालीन साप्ताहिक स्पेशल गाड़ी 15 मई से 17 जुलाई तक हर गुरुवार को आनंद विहार टर्मिनल से 4 बजे रवाना होकर 7 बजे मुरादाबाद बरेली से 21.10 बजे, शाहजहांपुर से 22.42 बजे, दूसरे दिन सीतापुर से 01.10 बजे, बुढ़वल से 03.17 बजे, गोंडा से 04.20 बजे, बस्ती से 05.50 बजे, खलीलाबाद से 06.27 बजे, गोरखपुर से 07.20 बजे, कप्तानगंज से 08.17 बजे, पडरौना से 08.57 बजे, तमकुही रोड से 09.32 बजे, थावे से 10.45 बजे, दिघवा दुबौली से 11.42 बजे, मशरख से 12.15 बजे तथा छपरा कचहरी से 13.20 चलते हुए 2 बजे छपरा पहुंचेगी.
