साल में सिर्फ 5 घंटे खुलता है निरई माता मंदिर, बिना तेल-घी के जलती है दिव्य ज्योति; जानिए इसका रहस्य!

नई दिल्ली | भारत में कई ऐसे मंदिर है जो अपनी धार्मिक मान्यताओं के कारण प्रसिद्ध है. इसी में एक है छतीसगढ़ के धमतरी जिले में स्थित निरई माता मंदिर जो अपनी अनोखी परंपराओं और रहस्यमयी मान्यताओं के कारण खास पहचान रखता है. यह मंदिर मगरलोड क्षेत्र की पहाड़ियों में स्थित है और इसे एक सिद्धपीठ माना जाता है, जहां भक्तों की गहरी आस्था जुड़ी है.

Nirai Mata Mandir

निरई माता मंदिर

इस मंदिर की खास बात यह है कि इसके कपाट साल में केवल एक बार, चैत्र नवरात्रि के पहले रविवार को ही सिर्फ 5 घंटे के लिए खोले जाते है. इसका खुलने का समय सुबह 4 बजे से 9 बजे तक का है. इस दौरान हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते है और इसे एक दुर्लभ आध्यात्मिक अनुभव मानते है. इस मंदिर की एक ओर अद्भुत मान्यता यह है कि यहां जलने वाली दिव्य ज्योति बिना तेल या घी के स्वयं प्रज्वलित होती है और पूरे 9 दिनों तक लगातार जलती रहती है. श्रद्धालु इसे माता की कृपा और चमत्कार मानते है.

सभी मनोकामनाएं होती है पूर्ण

धमतरी के मगरलोड क्षेत्र में घने जंगलों और ऊंची पहाड़ियों में स्थित यह मंदिर भक्तों के आस्था का केंद्र है. ऊबड़- खाबड़ रास्तों और पहाड़ियों पर स्थित होने के बावजूद श्रद्धालु पूरी आस्था के साथ मंदिर में आते है. इस मंदिर में श्रद्धालु सिंदूर और कुमकुम नहीं बल्कि नींबू, नारियल और अगरबत्ती भेंट स्वरूप चढ़ाते है. ऐसा माना जाता है कि इससे माता अति प्रसन्न होती है और मनोकामनाएं पूर्ण होती है.

यह भी पढ़े -  त्रिएकादश योग से शुरू हुआ इन राशियों का अच्छा समय, मिलेगी हर कार्य में सफलता

महिलाओं का प्रवेश वर्जित

अगर इस मंदिर की मान्यताओं की बात करें तो यहां महिलाओं का प्रवेश वर्जित माना जाता है. यहां केवल पुरुष ही पूजा- पाठ कर सकते है. दरअसल प्राचीन काल में पहाड़ियों के बीच एक बैगा पुजारी मां निरई की सच्चे मन से सेवा करता था, जिससे देवी मां प्रसन्न हुई थी. मां स्वयं पुजारी को भोजन व स्नान कराती थी, लेकिन इससे पुजारी की पत्नी के मन में शक जागा, जिससे देवी क्रोधित हो गई और उन्होंने कहा कि भविष्य में कोई भी महिला मंदिर में प्रवेश नहीं करेगी. तभी से यह मान्यता चली आ रही है.

डिस्केलमर: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं विभिन्न माध्यमों/ ज्योतिषियों/ पंचांग/ प्रवचनों/ मान्यताओं/ धर्मग्रंथों पर आधारित हैं. Haryana E Khabar इनकी पुष्टि नहीं करता है.

Avatar of Anita Poonia
Anita Poonia
View all posts

मेरा नाम अनीता पूनिया है. मैं पिछले 2 साल से मीडिया इंडस्ट्री में एक्टिव हूँ. वर्तमान मे Haryana E Khabar न्यूज वेबसाइट के लिए कंटेंट राइटर का काम कर रही हूँ.