जींद | हरियाणा के जींद से एक बेहद ही सराहनीय पहल का मामला सामने आया है, जिसने दहेज लेने वालों के मुंह पर करारा तमाचा जड़ने का काम किया है. यहां लड़के वालों ने दहेज में मिली 11 लाख रूपए की नकद धनराशि मंडप में ही वापस लौटा दी. लड़की के पिता ने जब इस धनराशि को पकड़ाया तो दूल्हे के परिवार ने उसे माथे पर लगाया और फिर दूल्हे के हाथों वापस लौटा दी. इसके बाद शगुन के तौर पर मात्र 1 रूपया और नारियल लेकर विवाह को सम्पन्न किया.
हमारे लिए दुल्हन ही दहेज
दूल्हे का परिवार ज्योतिषी का काम करता है. उन्होंने कहा कि दुल्हन ही हमारे लिए दहेज है. इस वजह से हमनें दहेज में दी गई नकद धनराशि को अस्वीकार कर दिया. उन्होंने बताया कि जब हम लड़की देखने गए थे, उसी दिन दहेज लेने से इंकार कर दिया था.
दूल्हे ज्योतिष कौशिक ने बताया कि 30 अप्रैल के दिन उनका विवाह हुआ है. हमारे परिवार ने शुरुआत में ही दहेज से इंकार कर दिया था लेकिन इसके बावजूद भी उन्होंने दहेज में 11 लाख रुपए की नकद धनराशि देनी चाही. इसके साथ ही दुल्हन के लिए फर्नीचर समेत बाकी सारा सामान भी खरीद रखा था लेकिन हमने जब शादी की रस्में चल रही थी, उस दौरान स्पष्ट कर दिया कि न तो वह 11 लाख रुपए की नकद धनराशि लेंगे और न ही सामान लेकर जाएंगे.
सबके सहयोग से मिटेगी सामाजिक बुराई
दूल्हे के पिता आचार्य पुरूषोत्तम ने कहा कि उन्होंने 11 लाख रुपए और सामान लेने से साफ मना कर दिया. जिस पिता ने अपनी बेटी दे दी, समझो सब-कुछ दे दिया. उन्होंने कहा कि दहेज प्रथा जैसी सामाजिक कुरीति को दूर करने में सबका सहयोग चाहिए. एक-दूसरे को देखकर हर कोई दहेज लेने से इंकार करेगा तो धीरे-धीरे यह बुराई जड़ से समाप्त हो जाएगी.
