देश की इकलौती ट्रेन, जिसमें मिलती है मुफ्त भोजन की सुविधा; बर्तन साथ लेकर चलते हैं यात्री

नई दिल्ली | ट्रेनों के माध्यम से रोजाना करोड़ों लोग अपने सफर को पूरा करते हैं. यात्रा के लिहाज से रेल (Rail) को देश की लाइफलाइन माना गया है. इतनी बड़ी आबादी के सफर को सुनिश्चित करने के लिए हजारों की संख्या में ट्रेनें संचालित हो रही है. इन सबके बीच एक ट्रेन ऐसी भी हैं, जो न केवल आपके सफर को पूरा करती है, बल्कि इस ट्रेन में आपको मुफ्त भोजन की सुविधा भी मिलती है. इस ट्रेन में आप बिना कोई पैसा दिए ब्रेकफास्ट, लंच और डिनर कर सकते हैं.

Railway Station

29 साल से जारी हैं सिलसिला

रेलवे की यह स्पेशल ट्रेन दो धार्मिक स्थलों के बीच संचालित हो रही है. इस ट्रेन में पिछले 29 सालों से यात्रियों को मुफ्त भोजन परोसा जा रहा है. हालांकि बाकी ट्रेनों में भी भोजन की व्यवस्था होती है लेकिन उसके लिए आपको पैसे खर्च करने पड़ते हैं. यह देश की इकलौती ऐसी ट्रेन हैं, जिसमें आपको ब्रेकफास्ट से लेकर डिनर तक भोजन की सुविधा बिल्कुल मुफ्त में उपलब्ध कराई जा रही है.

सचखंड एक्सप्रेस ट्रेन (12715) अमृतसर के बड़े धार्मिक स्‍थल श्री हरमंदर साहिब गुरुद्वारा से चलकर महाराष्‍ट्र के नांदेड़ जिले में स्थित श्री हजूर साहिब गुरुद्वारा तक संचालित होती है. नांदेड़ में ही सिखों के 10वें गुरु श्री गुरु गोविंद सिंह जी का साल 1708 में निधन हुआ था. यह ट्रेन इन दोनों धार्मिक स्‍थलों के बीच सफर पूरा करती है.

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इन जगहों पर परोसा जाता है खाना

39 स्टेशनों पर ठहराव करते हुए सचखंड एक्सप्रेस ट्रेन 2 हजार किलोमीटर की दूरी तय करती है. ट्रेन इस सफर को पूरा करने के लिए करीब 33 घंटे का समय लेती है. यात्रा के दौरान 6 जगहों पर लंगर लगता है, जहां रेलयात्रियों को मुफ्त भोजन परोसा जाता है. यह पड़ाव नई दिल्‍ली रेलवे स्‍टेशन के अलावा भोपाल, परभनी, जालना, औरंगाबाद और मराठवाड़ा हैं.

सचखंड एक्सप्रेस ट्रेन का ठहराव इसी हिसाब से रखा गया है कि रेलयात्री आराम से भोजन की सुविधा का लाभ उठा सकें. ट्रेन में खाने के मेन्यू में बदलाव होता रहता है, लेकिन ज्यादातर समय आपको कढ़ी- चावल, छोले, दाल, खिचड़ी और आलू- गोभी या दूसरी सब्‍जी परोसी जाती है. मुफ्त लंगर सेवा पर आने वाला खर्चा गुरुद्वारों को मिलने वाले दान के जरिये उठाया जाता है. मुफ्त लंगर का लुत्‍फ उठाने के लिए इस ट्रेन में जनरल से लेकर एसी बोगी तक के यात्री अपने साथ बर्तन लेकर चलते हैं.

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Ajay Sehrawat
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मेरा नाम अजय सहरावत है. मीडिया जगत में पिछले 6 साल से काम कर रहा हूँ. बीते साढ़े 5 साल से Haryana E Khabar डिजिटल न्यूज़ वेबसाइट के लिए बतौर कंटेंट राइटर के पद पर काम कर रहा हूँ.