चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार (Haryan Govt) की तरफ से अस्थाई कर्मचारियों को बड़ा तोहफा दिया गया है और उनकी नौकरी सेवानिवृत्ति आयु तक सुरक्षित की गई है. सर्विस सिक्योरिटी पोर्टल पर फिलहाल आवेदन चल रहे हैं. कर्मचारी 31 जनवरी तक आवेदन कर सकते हैं. मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कि भाजपा सरकार सर्विस सिक्योरिटी की सीमा को बढ़ाने पर विचार कर रही है.

हरियाणा सरकार का ऐतिहासिक फैसला
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा ही विधानसभा चुनाव 2024 से पहले हरियाणा सरकार के विभागों, बोडों, प्राधिकारणों, निगमों में कार्य कर रहे पांच साल से ज्यादा सर्विस वाले अस्थायी कर्मचारियों को सर्विस सिक्योरिटी देने का कानून बनाया था. सरकार के इस निर्णय का साफ असर इस प्रकार देखा जा सकता है कि भाजपा को लगातार तीसरी बार सरकार बनाने का मौका मिला. मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की ओर से दावा किया था कि अनुमानित 1.20 लाख कर्मचारियों को सर्विस की गारंटी प्रदान की जाएगी.
मुख्य प्रधान सचिव ने पहनाया अमलीजामा
इन अस्थाई कर्मचारियों को जॉब की सुरक्षा मिलेगी. मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर ने मुख्यमंत्री की अस्थायी इस सोच को इतनी जल्दी वास्तविकता में बदल दिया कि कैबिनेट मीटिंग में अध्यादेश पारित करवाकर 15 अगस्त 2024 को अधिसूचित करवा दिया था. उसके बाद, विधानसभा में विधेयक पारित हुआ और राज्यपाल की स्वीकृति के बाद सर्विस सिक्योरिटी के लिए स्थायी कानून बन गया.
सर्विस सिक्योरिटी देने पर विचार
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और उनके मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर उन बचे हुए कर्मचारियों को भी सर्विस सिक्योरिटी देने पर विचार कर रहे हैं जो ऐसे सरकारी संस्थाओं में कार्य कर रहे हैं जिनका नाम सर्विस सिक्योरिटी एक्ट में सम्मिलित नहीं था. इसके अतिरिक्त, इस पर भी चर्चा चल रही है कि अभी तक 50 हजार रुपये तक की वेतन वाली जो सीमा लगाई हुई है, उस वेतन सीमा में भी बदलाव किया जाए और उसे बढ़ाया जाए. ये दोनों निर्णय करने में अभी और वक्त लिया जा सकता है.