चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार ने वित्त वर्ष 2026- 27 का वार्षिक बजट पेश कर दिया है. बतौर वित्त मंत्री मुख्यमंत्री नायब सैनी ने 2 लाख 23 करोड़ रुपए से ज्यादा का बजट पेश किया है जो पिछले साल के बजट की तुलना में 10.28% ज्यादा है. इस बजट में मुख्यमंत्री ने सूबे में सोलर ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा ऐलान किया है.
ग्रामीणों को मिलेगी सस्ती बिजली
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने घोषणा करते हुए कहा कि सूबे में अभिनव पायलट परियोजना शुरू होगी, जिसके तहत गांवों में पंचायती भूमि पर सोलर फार्म स्थापित किए जाएंगे. सोलर परियोजना से उत्पन्न बिजली ग्रामीणों को रियायती दरों पर उपलब्ध कराई जाएगी. इससे न केवल ग्रामीणों के बिजली बिलों में कमी आएगी, बल्कि पंचायतों को भी आय का एक नया स्त्रोत मिलेगा.
बजट में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत लगने वाले सोलर पैनल की संख्या मौजूदा 54 हजार 674 से वर्ष 2026- 27 में लगभग चार गुणा कर 2.2 लाख घरों की छतों तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है. ढाणियों में रह रहे परिवारों के लिए एक से तीन किलोवाट क्षमता के बैटरी सहित सोलर पावर प्लांट स्थापित किए जाएंगे.
पर्यावरण संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा
सीएम ने कहा कि प्रदेश में ग्रीन हाइड्रोजन पॉलिसी लागू की जाएगी. पहला ग्रीन हाइड्रोजन प्लांट पानीपत में स्थापित किया जाएगा. इस पॉलिसी के तहत, साल 2030 तक 250 किलो टन प्रति वर्ष ग्रीन हाइड्रोजन का उत्पादन होगा. इससे दो गीगावाट इलेक्ट्रोलाइजर निर्माण क्षमता और संबंधित घटकों का उत्पादन संभव हो जाएगा.
अपने बजट भाषण में मुख्यमंत्री ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए ग्राम पंचायतों की भूमि का एक निश्चित हिस्सा आरक्षित किया जाएगा. शामलात भूमि में से 500 वर्ग गज तक भूमि स्वयं सहायता समूहों को डेयरी बनाने के लिए लीज पर दी जाएगी. लीज दर सालाना सिर्फ 10 रुपये प्रति वर्ग गज होगी. स्वय सहायता समूहों के उत्पादों की मार्केटिंग हेतु प्रत्येक ब्लॉक में एक आधुनिक ग्राम हाट की स्थापना की जाएगी.
