हिसार | हरियाणा में शहरी आबादी से जुड़ी एक नई अपडेट सामने आई है. बता दें कि प्रदेश सरकार ने शहरी विकास के ढांचे में बड़ा बदलाव करते हुए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) के विकसित सेक्टरों को स्थानीय नगर निकायों को सौंपने का अंतिम फैसला ले लिया है.

31 मई तक पूरी करें हस्तांतरण प्रकिया
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने गत 4 मई को इस प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है. इसके साथ ही पंचकूला, अंबाला, जगाधरी, हिसार, कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत, सोनीपत, रोहतक और नारनौल जैसे प्रमुख शहरों के विकसित सेक्टरों की सर्विस अब नगर निकाय और नगर परिषदें संभालेंगी.
प्रदेश सरकार द्वारा जारी आदेशानुसार 31 मई 2026 तक हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी करनी होगी. HSVP के मुख्य प्रशासक कार्यालय ने अंबाला, हिसार, रोहतक और गुरुग्राम समेत सभी क्षेत्रीय प्रशासकों को पत्र लिखकर आदेश जारी कर दिए हैं कि वे तय समय- सीमा में हस्तांतरण की प्रक्रिया सुनिश्चित करें. अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए है कि कर्मचारियों के स्थानांतरण या कमी के कारण इस प्रक्रिया में कोई देरी नहीं होनी चाहिए.
एक साथ मिलेंगे कई तगड़े फायदे
राज्य सरकार का उद्देश्य शहरी सेवाओं के प्रबंधन में एकरूपता लाना है. अब तक एक ही शहर में कुछ हिस्सों की जिम्मेदारी HSVP और कुछ की नगर निगम के पास होने से समन्वय की कमी रहती थी. अब सेक्टरों की सफाई, स्ट्रीट लाइट और पाकों के रखरखाव का जिम्मा सीधे स्थानीय निकायों का होगा.
अपने स्तर पर करें स्टाफ की व्यवस्था
- सभी विकसित सेक्टरों की मेंटेनेंस 31 मई 2026 या उससे पहले स्थानीय निकाय विभाग को सौंप दिया जाएगा.
- नगर निकाय विभाग इन क्षेत्रों के लिए नियमित भर्ती, आउटसोर्सिंग या HKRN के माध्यम से अपने स्तर पर स्टाफ का इंतजाम करेगा.
- HSVP इन सेक्टरों के ले-आउट प्लान निकायों को उपलब्ध कराएगा ताकि सेवाओं के संचालन में कोई दिक्कत न आए.
- सेवाओं में कमी के कारण लगने वाले शुल्कों का आंकलन शहरी भूमि प्रबंधन विभाग द्वारा किया जाएगा.