भिवानी | सावन माह में कांवड़ यात्रा अपने चरम पर है और हरियाणा की सड़कों पर शिवभक्तों का सैलाब उमड़ रहा है. इस बीच भिवानी से निकली महिलाओं की एक अनोखी कांवड़ यात्रा लोगों का ध्यान खींच रही है. इस जत्थे का नेतृत्व प्रसिद्ध फैशन डिजाइनर रितु इंसान कर रही हैं. उनके साथ करीब 15 युवतियां और महिलाएं शामिल हैं, जिनमें अधिकांश उनकी टेलरिंग इंस्टीट्यूट की छात्राएं हैं. रितु इंसान ने कांवड़ लाने की इच्छा जताई तो उनकी छात्राएं भी साथ चलने के लिए तैयार हो गईं.

सभी हरिद्वार से गंगाजल लेकर रथ में भगवान शिव की तस्वीर के साथ लौट रही हैं. यात्रा के दौरान हरियाणवी कलाकार पूजा हुड्डा, प्रदीप बूरा, राममेहर महला और अनामिका बावा भी कुछ दूरी तक उनके साथ शामिल हुए और श्रद्धालुओं के साथ नृत्य कर उत्साह बढ़ाया.
कांवड़ यात्रा में दिखी मिसाल
रितु इंसान के संस्थान की शाखाएं कई शहरों में हैं. इसी वजह से रास्ते में अलग- अलग स्थानों पर बड़ी संख्या में उनकी छात्राएं स्वागत के लिए पहुंच रही हैं. रितु अपनी हर छात्रा का टेलरिंग फीता पहनाकर सम्मान कर रही हैं, जो इस यात्रा की खास पहचान बन गया है. रोहतक जिले के भैणी सुरजन गांव में जन्मी रितु इंसान का बचपन आर्थिक अभाव में बीता. उनके पिता जयकिशन छोटे किसान थे. बचपन में नानी के घर रहते हुए उन्होंने सिलाई- कढ़ाई सीखी और 10वीं तक आते- आते टेलरिंग में दक्ष हो गईं. 12वीं की पढ़ाई के दौरान ही सिलाई का काम शुरू कर परिवार की आर्थिक मदद करने लगीं.
छात्राओं के साथ लेकर आईं गंगाजल
शादी के बाद भी उन्होंने सिलाई का काम नहीं छोड़ा. दहेज में मिली सिलाई मशीन से उन्होंने अपना काम आगे बढ़ाया. बाद में डिजाइनिंग सीखी, छात्राओं को प्रशिक्षण देना शुरू किया और सोशल मीडिया के जरिए अपने हुनर को देशभर तक पहुंचाया. यूट्यूब से पहली कमाई 8 हजार रुपये हुई जिसके बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा. आज रितु इंसान के टेलरिंग संस्थान की 9 राज्यों में 45 शाखाएं हैं. उनके अनुसार अब तक 2 लाख से अधिक युवतियां और महिलाएं प्रशिक्षण ले चुकी हैं. हर महीने 30 से 40 लाख रुपये तक का कारोबार करने वाली रितु इंसान आज हजारों महिलाओं के लिए प्रेरणा बन चुकी हैं.