चंडीगढ़ | हरियाणा में किसानों के लिए एक जरूरी खबर सामने आई है. प्रदेश सरकार ने किसानों को एक और अवसर देते हुए मेरी फसल- मेरा ब्यौरा पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन की लास्ट डेट को बढ़ाकर 31 अगस्त तक कर दिया है जबकि पहले यह तारीख 31 जुलाई थी.
क्यों जरूरी है रजिस्ट्रेशन?
कृषि विभाग के उपनिदेशक डाॅ. अनिल तंवर ने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा किसानों के कल्याण हेतु अनेक योजनाएं बनाई गई है. इन योजनाओं का लाभ उठाने के लिए किसानों का मेरी फसल- मेरा ब्यौरा पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करवाना अनिवार्य किया गया है. फसल बिक्री के समय अनाज मंडी में केवल उन्हीं किसानों की फसल को सरकारी भाव पर खरीदा जाता है, जिन्होंने इस पोर्टल पर खुद को रजिस्टर्ड कराया हुआ है. यानि रजिस्ट्रेशन करवाने वाले किसानों को ही न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का लाभ मिलेगा.
रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया
इसके लिए किसानों को खरीफ फसलों का ब्यौरा मेरी फसल- मेरा ब्यौरा पोर्टल पर दर्ज करवाना होता है. फसलों का रजिस्ट्रेशन करवाते समय सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज परिवार पहचान पत्र (PPP) यानि फैमिली आईडी का होना अनिवार्य है. इसके अलावा, रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और जमीन की फरद इत्यादि दस्तावेज की आवश्यकता पड़ती है.
किसान साथी खरीफ फसलों का रजिस्ट्रेशन fasal.haryana.gov.in पोर्टल पर करवा सकते हैं. किसान इस पोर्टल पर स्वयं या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से करवा सकते हैं. कृषि विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि प्रदेश सरकार ने यूरिया और डीएपी खाद का ऑनलाइन वितरण करने का फैसला लिया है. इसके लिए भी मेरी फसल- मेरा ब्यौरा पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करवाना अनिवार्य किया गया है.
