चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार (Haryana Govt) ने युवाओं को एक अच्छी खबर दी है. राज्य के जो युवा अपना खुद का स्टार्टअप शुरू करना चाहते हैं, उनके लिए एक खुशखबरी है. प्रदेश सरकार की तरफ से लीज रेंटल सब्सिडी योजना, पेटेंट लागत प्रतिपूर्ति योजना, नेट एसजीएसटी प्रतिपूर्ति योजना, क्लाउड स्टोरेज के लिए प्रतिपूर्ति योजना, सीड फंडिंग योजना और असिस्टेंस इन एक्सीलेरशन प्रोग्राम्स स्कीम के तहत आर्थिक सहायता के लिए आवेदन करने की समय सीमा को बढ़ा दिया है.
मिलेगी 50 प्रतिशत सहायता
अब आप सब 30 सितंबर तक आवेदन कर सकते है. लीज रेंटल सब्सिडी स्कीम के तहत महिलाओं को स्टार्टअप के लिए 45 प्रतिशत और अन्य युवा उद्यमियों को 30 प्रतिशत लीज सब्सिडी मिलती है. यदि कोई युवा अपने स्टार्टअप को राष्ट्रीय या अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेटेंट करवा लेता है तो उसे 25 लाख रुपये तक की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी. नेट एसजीएसटी प्रतिपूर्ति योजना में 50 प्रतिशत सहायता प्रदान की जाएगी.
हर साल मिलेंगे ढाई लाख रुपए
इसी प्रकार क्लाउड स्टोरेज के लिए प्रतिपूर्ति योजना और असिस्टेंस इन एक्सीलेरशन प्रोग्राम्स योजना के तहत युवा उद्यमियों को हर वर्ष ढाई लाख रुपये तक दिए जाएंगे. सीड फंडिंग योजना के तहत ‘ए’ श्रेणी ब्लाक में 100 स्टार्टअप, ‘बी’ श्रेणी ब्लाक में 250 स्टार्टअप, ‘सी’ श्रेणी ब्लाक में 750 स्टार्टअप और ‘डी’ श्रेणी ब्लाक में 1000 स्टार्टअप के लिए प्रति स्टार्टअप 10 लाख रुपये तक की बीज सब्सिडी प्रदान की जाएगी.
बढ़ेगें रोजगार के मौके
उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के प्रधान सचिव डॉ. डी सुरेश की तरफ से 6 योजनाओं के लिए आवेदन करने के लिए समय सीमा बढ़ाने के ऑर्डर्स जारी कर दिए गए हैं. हरियाणा स्टेट स्टार्टअप पॉलिसी- 2022 के अंतर्गत राज्य में पांच हजार नए स्टार्टअप शुरू करने का टारगेट रखा गया है. पॉलिसी से जहां प्रदेश के युवाओं को उद्यमी बनने का अवसर मिलेगा, वहीं रोजगार के मौके बढ़ेगे. राज्य में छात्र उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए शैक्षणिक संस्थाओं के साथ उद्योगों का कोऑर्डिनेशन बनाया जा रहा है.
