चंडीगढ़ | हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र के आखिरी दिन मुख्यमंत्री नायब सैनी ने एक बड़ी घोषणा करते हुए आमजन को राहत पहुंचाने का काम किया है. उन्होंने कहा कि आवासीय योजनाओं में प्रदेश के शहरी क्षेत्रों में 50 वर्ग गज और ग्रामीण क्षेत्रों में 100 वर्ग गज तक के रिहायशी प्लाटों की रजिस्ट्री पर स्टांप ड्यूटी जीरो होगी. उनके इस ऐलान से प्रदेश के लोगों को बड़े स्तर पर राहत पहुंचेगी.
मानसून सत्र में बड़ा ऐलान
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बुधवार को हरियाणा विधानसभा के मॉनसून सत्र के आखिरी दिन कलेक्टर रेट पर दिए गए ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर बोलते हुए यह घोषणा की. उन्होंने कहा, ‘मैं आज पीएम आवास योजना, सीएम शहरी आवास योजना, सीएम ग्रामीण आवास योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में 100 वर्ग गज और शहरी क्षेत्रों में 50 वर्ग गज तक के रिहायशी प्लाटों की खरीद- फरोख्त पर स्टांप ड्यूटी समाप्त करने की घोषणा करता हूं.
मानसून सत्र के आखिरी दिन ये घोषणा करते हुए सीएम ने कहा कि यह कदम केवल कर- मुक्ति का नहीं बल्कि कालेधन पर चोट और पारदर्शिता बढ़ाने के उद्देश्य से उठाया गया है. इसका सीधा लाभ प्रदेश के गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों को मिलेगा.
हमने फॉर्मूले के तहत बढ़ाए रेट
मुख्यमंत्री ने कहा वर्ष 2008 में 300% की वृद्धि की गई थी. 2011 और 12 में 220 प्रतिशत कलेक्टर रेट बढ़ाए गए. 2012 और 13 में 230% की वृद्धि हुई. पिछली सरकारों में कलेक्टर रेट तय करने का कोई फॉर्मूला नहीं था. बिल्डरों और भूमाफियों को फायदा पहुंचाया गया है. किसान मरता रहता था. हमने तो एक फॉर्मूले के तहत प्रदेश के अलग अलग क्षेत्रों में कलेक्टर रेट बढ़ाए. प्रदेश में 72.8 प्रतिशत ऐसा एरिया है, जहां सिर्फ 10% की बढ़ोतरी हुई है. यह बदलाव हमारी सरकार ने एक सही तरीके से फॉर्मूले पर किया है.
