चंडीगढ़ | हरियाणा की नायब सैनी सरकार आर्थिक रूप से गरीबों परिवारों की मदद के लिए निरंतर योजनाएं लेकर आ रही है. इसी कड़ी में नए साल के शुभ अवसर पर सरकार ने गरीब परिवारों को बड़ा तोहफा दिया है. सरकार ने दीन दलाल उपाध्याय अंत्योदय परिवार सुरक्षा योजना- 1 (DAYALU) के तहत लगभग 5794 लाभार्थी परिवारों के खातों में करीब 217 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए है. अब तक इस योजना के तहत करीब 49 हजार परिवारों को लगभग 18 करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता दी जा चुकी है.
हरियाणा में फर्जी दावों पर लगेगी रोक
पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इस योजना की शुरुआत की थी और अब नायब सैनी सरकार इसे आगे बढ़ा रही है. मुख्यमंत्री का कहना है कि योजना को अधिक पारदर्शी और भरोसेमंद बनाने के लिए अब लाभार्थियों का मृत्यु प्रमाण पत्र सीधे परिवार पहचान पत्र (PPP) से लिंक कर दिया गया है. इससे मृत्यु और दिव्यांगता से संबंधित मामलों के बारे में आसानी से पता चल जाएगा. अब इस योजना का लाभ वही लोग उठा पायेंगे, जो वास्तविक रूप से इस योजना के पात्र होंगे. इससे फर्जी दावों पर रोक लगेगी.
‘जन सहायक हेल्प मी’ ऐप
सरकार ने लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ‘जन सहायक हेल्प मी’ मोबाइल ऐप को भी योजना से जोड़ दिया है. इससे लाभ के पात्र लोगों को सहायता राशि आधार से जुड़े बैंक खाते में DBT के जरिए समय पर भेजी जा रही है. इस ऐप के माध्यम से आवेदक न सिर्फ आवेदन कर सकता है, बल्कि अपनी फाइल की स्थिति को भी रियल-टाइम ट्रैक कर सकता है. इससे लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने से राहत मिलेगी.
दुर्घटना के समय 5 लाख तक की मदद
मुख्यमंत्री ने बताया कि दयालु योजना मुसीबत के समय गरीब परिवारों के लिए मददगार साबित होगी. इस योजना में वही परिवार शामिल है, जिनकी वार्षिक आय 1.80 लाख रूपए से तक है. साथ ही, इन परिवारों को योजना के तहत दुर्घटना के समय स्थायी दिव्यांगता या मृत्यु होने पर 5 लाख तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी. यह सहायता पाने के लिए घटना के 90 दिनों के भीतर पोर्टल पर आवेदन करना होगा.
