चंडीगढ़, HKRN | हरियाणा के युवाओं में सरकारी नौकरियों को लेकर काफी उत्साह है. राज्य के लाखों युवा सरकारी नौकरी के लिए तैयारी कर रहे हैं. सरकार की तरफ से नारा दिया गया है कि युवाओं को बिना खर्ची बिना पर्ची सिर्फ मेरिट के आधार पर नौकरी दी जाएगी. ऐसे में युवाओं में काफी उत्साह है. सरकारी विभागों और बोर्ड-निगमों में न सिर्फ पक्की नौकरियों, बल्कि अनुबंध आधार की नौकरियों के लिए भी मारामारी की स्थिति बनी हुई है.
HKRN में 14.63 लाख रजिस्ट्रेशन
हरियाणा कौशल रोजगार निगम में 14 लाख 63 हजार युवाओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है. यह सभी युवा अपने लिए नौकरी की मांग कर रहे हैं. एचकेआरएनएल के जरिए अब तक 1 लाख 14 हजार युवाओं को ही रोजगार मिल सका है. विधानसभा बजट सत्र के दौरान कांग्रेस विधायक आदित्य सुरजेवाला ने अतारांकित सवाल लगाते हुए सरकार से एचकेआरएनएल के अधीन कार्य कर रहे कर्मचारियों और रजिस्ट्रेशन कराने वाले युवाओं की जानकारी मांगी थी.
रोजगार देने के बीच बड़ा अंतर
इसका जवाब देते हुए युवा सशक्तीकरण एवं उद्यमिता राज्य मंत्री गौरव गौतम ने बृहस्पतिवार को सदन पटल पर पूरी रिपोर्ट पेश की. इस पर सवाल खड़े करते हुए आदित्य सुरजेवाला ने कहा कि रजिस्ट्रेशन और वास्तविक रोजगार देने के बीच में फर्क है.
एचकेआरएनएल के तहत जो 1 लाख 13 हजार 914 कर्मचारी कार्य कर रहे हैं उनमें से भी 97 हजार 51 पोर्ट किए गए हैं जो पहले से विभिन्न विभागों में काम कर रहे थे. इसके अतिरिक्त, 16 हजार 863 नई नियुक्तियां की गई हैं. इसका मतलब यह है कि फ्रेश प्लेसमेंट की रेट मात्र लगभग 1.15 प्रतिशत है जबकि कुल प्लेसमेंट (पोर्टिंग सहित) भी आवेदकों की दर करीबन 7.8 प्रतिशत के निकट है.
