ओल्ड गुरुग्राम में मेट्रो विस्तार को रफ्तार देगी TOD पॉलिसी, जानें क्या है पूरी योजना

गुरुग्राम | हरियाणा के ओल्ड गुरुग्राम में मेट्रो विस्तार से जुड़ी एक नई जानकारी सामने आई है. यहां मेट्रो विस्तार का कार्य रफ्तार पकड़ेगा और इसमें बजट भी बाधा नहीं बनेगा. यहां बजट राशि इक्कठा करने के लिए गुरुग्राम मेट्रो रेल लिमिटेड (GMRL) की ओर से मेट्रो कॉरिडोर के दोनों तरफ 800 मीटर तक ऊंची- ऊंची रिहायशी व्यवसायिक इमारतों को विकसित कराया जाएगा. इस संबंध में जल्द ही रियल एस्टेट कंपनियों से वार्तालाप की जाएगी.

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मेट्रो विस्तार को मिलेगी रफ्तार

ट्रांजिट ओरियंट डेवलपमेंट (TOD) के तहत फ्लोर एरिया रेश्यो (FAR) खरीदने का लाभ लेने को लेकर उनसे बातचीत की जाएगी. इसके अलावा, विज्ञापन कंपनियों को मेट्रो स्टेशन और पिलर पर विज्ञापन लगाने की अनुमति के लिए आवेदन करने का आग्रह किया जाएगा. दोनों तरफ खाली जमीन को प्रॉपर्टी डेवलपमेंट के तहत निर्माण की मंजूरी देकर फंड एकत्रित किया जाएगा.

हरियाणा सरकार की TOD योजना के तहत मेट्रो पिलर के दोनों तरफ 800- 800 मीटर तक ऊंची इमारतों को खड़ा करने के लिए FAR खरीदने की अनुमति दी जाती है. इस पॉलिसी को दो हिस्सों में बांटा गया है, जिसमें एक मीटर से 500 मीटर, 500 मीटर से 800 मीटर शामिल है. इसका लाभ मेट्रो रूट पर पड़ रही रिहायशी सोसाइटियां, व्यावसायिक इमारत, आईटी पार्क, शॉपिंग मॉल, स्कूल और अस्पताल उठा सकते हैं.

सेक्टर-22 और 47 के स्टेशन पहली प्राथमिकता

GMRL ने सेक्टर- 22 और सेक्टर- 47 में मेट्रो स्टेशन के लिए जमीन का चयन प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा. मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन से साइबर सिटी मेट्रो स्टेशन तक सेक्टर- 47 चौथा मेट्रो स्टेशन है, जबकि 23वां स्टेशन सेक्टर- 22 है. सेक्टर- 47 का मेट्रो स्टेशन डिस्ट्रिक्ट शॉपिंग सेंटर के पास बनाया जाएगा. ये शॉपिंग सेंटर तैयार हो रहा है. ऐसे में इस शॉपिंग सेंटर पर फुटफॉल बेहद अधिक होगा. ओल्ड गुरुग्राम के 28.5 किलोमीटर लंबे इस मेट्रो रूट पर कुल 27 जगहों पर स्टेशन बनेंगे.

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क्या है TOD पॉलिसी?

परिवहन सेवा को बेहतर करने के लिए सरकार ने TOD पॉलिसी बनाई है. मेट्रो कॉरिडोर के दोनों तरफ 800- 800 मीटर तक इसका लाभ दिया जाता है. एक से 500 मीटर तक प्रति एकड़ 600 लोगों के रहने के लिए फ्लैट बनाए जा सकते हैं. इसके अलावा, 500 से 800 मीटर तक 430 लोगों के लिए फ्लैट बन सकते हैं. रियल एस्टेट कंपनियों को एक एकड़ में भूमि पर 40% हिस्से में निर्माण किया जा सकता है.

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Ajay Sehrawat
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मेरा नाम अजय सहरावत है. मीडिया जगत में पिछले 6 साल से काम कर रहा हूँ. बीते साढ़े 5 साल से Haryana E Khabar डिजिटल न्यूज़ वेबसाइट के लिए बतौर कंटेंट राइटर के पद पर काम कर रहा हूँ.