कुरुक्षेत्र | हरियाणा में मनोरंजन की पुरानी शैली सांग को बढ़ावा देने की दिशा में सूबे की नायब सैनी सरकार ने एक और ऐतिहासिक कदम उठाया है. इस कड़ी में प्रदेश सरकार द्वारा धनपत सिंह सांग पुरस्कार के उपलक्ष्य में 23- 27 फरवरी तक कलाकृति भवन में सांग महोत्सव का आयोजन किया जाएगा.
मुख्यमंत्री ने की थी घोषणा
सीएम नायब सैनी की घोषणा के बाद धनपत सिंह सांगी की स्मृति में इस साल धनपत सिंह सांगी पुरस्कार की घोषणा की जानी है. इसके लिए 23- 27 फरवरी तक कुरुक्षेत्र के कलाकृति भवन हरियाणा कला परिषद् के भरत मुनि रंगशाला के सभागार में इस सांग महोत्सव का आयोजन किया जाएगा.
बुराई पर अच्छाई का मिलेगा संदेश
जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी डॉ नरेंद्र सिंह ने बताया कि यह सांग महोत्सव हरियाणा का एक प्रमुख पारंपरिक लोकनाट्य उत्सव हैं जो सांगी (कलाकारों) द्वारा संगीत, नृत्य और लोक कथाओं के माध्यम से सामाजिक नैतिकता और पौराणिक कहानियों का मंचन करता है. इनमें प्रस्तुत किए गए नाटक आमतौर पर बुराई पर अच्छाई की जीत को दर्शाते हैं.
उन्होंने बताया कि हरियाणवी संस्कृति को जीवित रखे हुए सांग पार्टियां इस महोत्सव में अपनी कला और संस्कृति का प्रदर्शन करेगी. इस सांग महोत्सव का आयोजन सुबह 10 से शाम 6 बजे तक रहेगा. इस महोत्सव में नगाड़ा वादन, लोकगायन और तीन से 5 घंटे तक चलने वाली लंबी सांग प्रस्तुतियां दर्शकों का भरपूर मनोरंजन करेगी. यहां सांगी कलाकार पौराणिक कथाओं जैसे राजा हरिश्चंद्र, लीलो- चमन, प्रह्लाद भगत के चरित्रों में प्रस्तुति कर लोगों को पुराने इतिहास से रूबरू कराएंगे.
