सिरसा | हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज सिरसा पहुंचे जहां उन्होंने जिला कष्ट निवारण समिति (ग्रीवेंस) की बैठक की अध्यक्षता की. इसके बाद, जनकल्याण शिविर में आमजन की समस्याएं भी सुनी. यह बैठक पंचायत भवन परिसर में आयोजित की गई, जिसमें लगभग 15 एजेंडों पर सुनवाई हुई. बैठक में कांग्रेस विधायकों को भी आमंत्रित किया गया था. इस दौरान मंच पर ओडिशा के पूर्व राज्यपाल प्रो. गणेशीलाल, पूर्व सांसद सुनीता दुग्गल और इनेलो से जिला परिषद चेयरमैन कर्ण चौटाला मौजूद रहे.

प्रशासनिक पक्ष से डीसी और एसपी के साथ कांग्रेस विधायक शीशपाल कहरवाला और विधायक गोकुल सेतिया भी बैठक में शामिल हुए. ऐलनाबाद विधायक भरत सिंह बैनिवाल बैठक से अनुपस्थित रहे.
सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
बैठक में बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे. हालांकि, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी होने के चलते कई लोगों को प्रवेश नहीं मिल सका. बिना शिकायत वाले लोगों को वापस लौटाया गया और बाहर ही रोक दिया गया. मीडिया कवरेज पर भी सख्ती रही और बैठक की लाइव कवरेज नहीं की गई. अब तक करीब 7 मामलों पर सुनवाई पूरी की जा चुकी थी. इससे पहले मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी सुबह 6 बजे डेरा बाबा भूमणशाह पहुंचे, जहां उन्होंने योग कार्यक्रम में भाग लिया. इसके बाद वे ग्रीवेंस बैठक में शामिल हुए. मुख्यमंत्री बुधवार रात को ही सिरसा पहुंच गए थे. इसी दौरान किसानों ने हिसार-घग्घर ड्रेन समस्या को लेकर विरोध और काले झंडे दिखाने की चेतावनी भी दी थी.
सिरसा की पावन भूमि पर स्थित डेरा बाबा भूमणशाह संगर धाम में माथा टेकने के उपरांत अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में आदरणीय संत बाबा ब्रह्मदास जी के सानिध्य में आयोजित विशाल योग शिविर में सम्मिलित हुआ।
इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं एवं योग साधकों के साथ योगाभ्यास कर स्वस्थ… pic.twitter.com/AvQtvDb3k4
— Nayab Saini (@NayabSainiBJP) June 19, 2026
योग शिविर में शामिल
डेरा बाबा भूमणशाह में आयोजित योग शिविर में मुख्यमंत्री ने गद्दीनशीन बाबा ब्रह्मदास के सान्निध्य में योग किया और उपस्थित लोगों के साथ अभ्यास किया. इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और भाजपा कार्यकर्ता भी मौजूद रहे. इधर सिरसा के विधायक गोकुल सेतिया ने शहर के विकास कार्यों को लेकर सरकार और नगर परिषद पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए. उन्होंने सड़क, सीवरेज, पाइपलाइन और पार्कों की खराब स्थिति पर सवाल उठाए. वहीं, पूर्व गृह मंत्री गोपाल कांडा ने भी टेंडरों में अनियमितताओं को लेकर सरकार को पत्र लिखा था.
भाजपा नेताओं के साथ बैठक
सीएम दौरे से पहले भाजपा नेताओं के साथ भी बैठक हुई जिसमें पूर्व राज्यपाल गणेशीलाल, चेयरमैन रोहताश जांगड़ा और पूर्व सांसद चरणजीत सिंह रोड़ी सहित कई नेता शामिल रहे. नगर परिषद चेयरमैन वीर शांति स्वरूप भी बैठक में मौजूद दिखे, जबकि कुछ प्रमुख नेता अनुपस्थित रहे. दौरे के दौरान शहर में सड़कों की मरम्मत के नाम पर पेचवर्क तेजी से किया गया लेकिन स्थानीय लोगों ने इसे अस्थायी और दिखावटी बताया. लोगों का कहना है कि बारिश के बाद यह काम टिक नहीं पाएगा.
सूत्रों के अनुसार, सिरसा में विकास कार्यों को लेकर पहले से असंतोष की स्थिति बनी हुई थी, जिसके चलते मुख्यमंत्री ने स्वयं ग्रीवेंस बैठक की कमान संभाली. इससे पहले यह जिम्मेदारी कैबिनेट मंत्री अनिल विज के पास रहती थी, लेकिन इस बार वे बैठक में मौजूद नहीं रहे.