भिवानी | आज 1 जुलाई को महीने की पहली तारीख की शुरुआत झमाझम बरसात से देखने को मिली. पानीपत, झज्जर, भिवानी सहित कई जिलों में आज सुबह होते ही आसमान में बादल छाए हुए थे, जो कुछ देर बाद बरसात में तब्दील हो गए. खबर लेकर जाने तक हरियाणा के लगभग सभी इन जिलों में मौसम सुहावना बना हुआ है और कभी भी बरसात होने की संभावना बनी हुई है.
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के अध्यक्ष डॉ. मदन लाल खीचड़ द्वारा मौसम पूर्वानुमान जारी करते हुए बताया कि मानसून टर्फ़ की उत्तरी सीमा श्रीगंगानगर, दिल्ली, फतेहगढ़, सीधी, जमशेदपुर से होती हुई बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है. इस कारण बंगाल की खाड़ी की तरफ से आने वाली नमी वाली मानसूनी हवाएं हरियाणा की तरफ बढ़ने लगी हैं. राजस्थान पर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बनने से अरब सागर की तरफ से नमी वाली हवाएं आने की संभावना बनी हुई है. इसके कारण प्रदेश में 5 जुलाई तक मौसम आमतौर पर परिवर्तनशील बना रहेगा.
आगे ऐसा रहेगा मौसम
मानसूनी हवाओं की सक्रियता बढ़ने की संभावना के चलते 1 से 3 जुलाई के दौरान राज्य के ज्यादातर इलाकों में हवाओं और गरज-चमक के साथ बरसात होने की संभावना बनी हुई है. उसके बाद 4 और 5 जुलाई को राज्य के उत्तरी जिलों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बरसात होगी, जबकि पश्चिमी और दक्षिणी जिलों में कहीं-कहीं हल्की बरसात की संभावना बनी हुई है. इस दौरान कुछ एक जगह तेज बरसात के भी आसार हैं. इससे दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी, लेकिन वातावरण में नमी की अधिकता बढ़ेगी.
अगले तीन दिन बारिश का अनुमान
मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों में प्रदेश के लगभग सभी जिलों में अच्छी खासी बरसात का अलर्ट जारी किया है. 2 जुलाई को भिवानी, चरखी दादरी, झज्जर, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, मेवात, पंचकुला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, जींद, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, हिसार, सिरसा और फतेहाबाद में बरसात के आसार जताए गए हैं. वहीं 3 जुलाई को झज्जर, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, मेवात, पंचकुला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, जींद, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, भिवानी, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़, सिरसा, फतेहाबाद और हिसार में बरसात की संभावना जताई गई है.
