चंडीगढ़ | पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट की तरफ से हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) की पुलिस भर्ती और सीईटी मेंस परीक्षा में शॉर्टलिस्टिंग प्रक्रिया को चुनौती देने वाली याचिका पर याचिकाकर्ताओं को अंतरिम राहत प्रदान की है. फिलहाल हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग की तरफ से हरियाणा पुलिस कांस्टेबल के 5500 पदों पर भर्ती के लिए फिजिकल मेजरमेंट टेस्ट यानी पीएमटी का आयोजन किया जा रहा है.

सीईटी-2 परीक्षा में प्रोविजनल रूप से शामिल होने की अनुमति
इस भर्ती को लेकर कुछ उम्मीदवारों ने याचिका दायर की थी. फिलहाल कोर्ट की तरफ से याचिकाकर्ताओं को बड़ी राहत दी गई है. कोर्ट द्वारा आदेश दिया गया कि याचिकाकर्ताओं को फिलहाल सीईटी-2 परीक्षा में प्रोविजनल रूप से शामिल होने की अनुमति दी जाए, मगर इसके साथ यह स्पष्ट किया कि इससे उन्हें अंतिम सुनवाई में कोई स्थायी अधिकार या लाभ नहीं मिलेगा. सुनवाई के दौरान सरकार ने बताया कि चयन प्रक्रिया श्रेणीवार होगी और हर केटेगरी में विज्ञापित पदों के 10 गुना उम्मीदवारों को नॉलेज टेस्ट के लिए बुलाया जाएगा.
याचिकाकर्ताओं के अंक सामान्य वर्ग की कटऑफ से ज्यादा
इसके साथ ही 30 जनवरी 2024 की अधिसूचना और पंजाब पुलिस नियम, 1934 के मुताबिक क्वालिफाइंग टेस्ट भी श्रेणीवार आयोजित किया जाएगा. याचिकाकर्ताओं की तरफ से दलील दी गई कि इसी विषय पर एक अन्य मामला पहले से लंबित है, जिसकी सुनवाई 2 जुलाई 2026 को होनी निर्धारित है.
अदालत ने यह भी ध्यान में रखा कि याचिकाकर्ताओं के अंक सामान्य वर्ग की कटऑफ से ज्यादा हैं. इसी आधार पर उन्हें अंतरिम राहत प्रदान की गई है. ऐसे में अब याचिकाकर्ताओ को प्रोविजनल रूप से शामिल होने की अनुमति दी गई है.