हिसार | हरियाणा में स्वच्छ भारत मिशन के तहत कचरे की समस्या से निपटने के लिए बड़ा ठोस कदम उठाया गया है. दरअसल राज्य सरकार ने हरियाणा के प्रमुख शहरों हिसार, गुरुग्राम और फरीदाबाद में अत्याधुनिक प्लांट स्थापित करने की योजना को मंजूरी दे दी है, जहां कचरे से बिजली बनाई जाएगी. प्रदेश सरकार के अनुसार, इन वेस्ट- टू- एनर्जी (WTE) प्लांटों के जरिए शहरों में जमा ठोस कचरे का वैज्ञानिक तरीके से समाधान किया जाएगा. इससे एक तो शहरों में सफाई व्यवस्था बेहतर होगी, दूसरा स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा.

प्रोजेक्ट के लिए 20 दिन का समय
इस परियोजना के लिए एक कमेटी का गठन किया गया है. शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय ने कमेटी को 20 दिनों के अंदर इस परियोजना का मॉडल ड्राफ्ट और फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए है. अधिकारियों का कहना है कि इन प्लांटों में आधुनिक प्रदूषण नियंत्रण तकनीक का उपयोग किया जाएगा ताकि पर्यावरण पर किसी प्रकार का विपरित प्रभाव ना पड़े. परियोजना से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे.
बिजली आपूर्ति भी बढ़ेगी
यह परियोजना शहर के विकास में ऐतिहासिक कदम है. इस पहल से प्रतिदिन हजारों टन ठोस कचरे को प्रोसेस कर उससे बिजली तैयार की जाएगी. यह बिजली स्थानीय ग्रिड में सप्लाई की जाएगी जिससे ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में मदद करेगी. इसके साथ ही, लैंडफिल साइटों पर बढ़ते कचरे के ढेर में भी कमी आएगी. यह पहल आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण देने में कारगर साबित होगी.