ज्योतिष | जब भी कोई बड़ा ग्रह राशि परिवर्तन करता है तो इसका प्रभाव लगभग सभी 12 राशि के जातको पर दिखाई देता है. बुध ग्रह को ग्रहों का राजकुमार कहा जाता है. वह हर 23 दिन में राशि परिवर्तन करने के लिए जाने जाते हैं. बुध के राशि परिवर्तन का प्रभाव वैसे तो सभी राशि के जातकों पर दिखाई देता है, परंतु इनकी पसंदीदा राशियों को विशेष लाभ मिलता है. यह तकरीबन हर महीने राशि परिवर्तन करने के लिए जाने जाते हैं.
बुध का कुंभ राशि में गोचर
मौजूदा समय में बुध ग्रह मकर राशि में विराजमान है कल यानी की 3 फरवरी को रात 9:54 मिनट पर यह कुंभ राशि में गोचर करने जा रहे हैं. कुंभ राशि भगवान शनि देव की राशि है, ऐसे में बुध ग्रह के वहां पर जाने से कुछ राशि के जातकों पर धन की बारिश होने वाली है. आज हम आपको उनके बारे में जानकारी उपलब्ध करवाने वाले हैं.
तुला राशि: इस राशि के जातकों के लिए बुध का गोचर काफी खास रहने वाला है. बुध इस राशि के पांचवे भाव में आएंगे, इस समय विद्यार्थियों को अच्छे रिजल्ट मिलने वाले हैं. वही, भाग्य का आपको सभी ओर से सहयोग मिलने वाला है. दोस्तों के साथ भी आप अच्छा समय में व्यतीत करने वाले है. जल्द ही आप ट्रिप पर जाने की प्लानिंग भी बना सकते हैं, इस दौरान आपको सोशल मीडिया से भी अच्छा खासा लाभ मिलता हुआ दिखाई दे रहा है.
धनु राशि: बुध का गोचर इस राशि के 9वें स्थान पर होने जा रहा है जिसे भाग्य का स्थान माना जाता है. जिस वजह से इन्हें अच्छा खासा लाभ मिलता हुआ दिखाई दे रहा है, आर्थिक स्थिति पहले से काफी मजबूत रहेगी. साथ ही ट्रैवल करना इनके लिए काफी फायदेमंद रहने वाला है. अब अध्यात्म में आपका ध्यान लगने वाला है. कुल मिलाकर आने वाला समय आपके लिए काफी अच्छा रहेगा, 10 अप्रैल तक आपके सभी कार्य बनने वाले हैं.
कुंभ राशि: इसी राशि में ग्रहों के राजकुमार के नाम से जाने जाने वाले बुध गोचर करने जा रहे हैं, ऐसे में यह स्वयं को काफी क्रिएटिविटी से भरा महसूस करने वाले हैं. काम में भी बढ- चढ़कर हिस्सा लेते हुए दिखाई देंगे, आर्थिक स्थिति मजबूत होती हुई दिखाई दे रही है. आप अपनी जुबान के बल पर कई कार्यों में सफलता हासिल करने वाले हैं अर्थात सभी आपके कार्यों की तारीफ करेंगे. लंबे समय से चली आ रही सारी परेशानियां अब दूर हो जाएंगी.
बुध से जुड़े कुछ जरूरी फैक्ट्स
बुध ग्रह को बुद्धि- तर्क- गणित- संवाद आदि का कारक ग्रह माना जाता है. बुध ग्रह मिथुन और कन्या राशि के स्वामी माने जाते हैं. सूर्य और शुक्र के साथ इनका मित्रता भरा संबंध रहता है. चंद्रमा के साथ इनके संबंध अच्छे नहीं है अर्थात दोनों ग्रहों में शत्रुता है. यदि बुध ग्रह आपकी कुंडली में कमजोर होता है तो वाणी और स्मरण शक्ति से जुड़ी समस्याओं का आपको सामना करना पड़ सकता है. बुध को मजबूत करने के लिए पन्ना रत्न धारण करने की भी सलाह दी जाती है.
डिस्केलमर: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं विभिन्न माध्यमों/ ज्योतिषियों/ पंचांग/ प्रवचनों/ मान्यताओं/ धर्मग्रंथों पर आधारित हैं. Haryana E Khabar इनकी पुष्टि नहीं करता है.
