करनाल | हरियाणा की अनाज मंडियों में आज से गेहूं की न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर सरकारी खरीद शुरू हो गई है. गेहूं खरीद की प्रकिया की बात करें तो सभी जिलों में स्थानीय प्रशासन द्वारा तैयारियां पूरी कर ली गई है. साफ- सफाई से लेकर पीने का साफ पानी, साफ- सुथरे शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं किसानों के लिए उपलब्ध कराई गई है. वहीं, साथ ही अटल कैंटीन के माध्यम से किसानों को मात्र 10 रुपए में भरपेट भोजन की सुविधा भी शुरू की गई है.
MSP में बढ़ोतरी
केंद्र सरकार द्वारा गेहूं का MSP 2,585 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है जो पिछले साल से 160 रुपए प्रति क्विंटल ज्यादा है. गेहूं के सरकारी रेट में बढ़ोत्तरी से किसानों के चेहरों पर खुशियां छाई हुई है. आज से नाममात्र संख्या में ही किसानों के मंडी पहुंचने की उम्मीद कम ही है लेकिन आने वाले एक सप्ताह में गेहूं की आवक जोर पकड़ने लगेगी.
जिला प्रशासन का कहना है कि मंडियों में गेहूं की फसल लेकर पहुंचने वाले किसानों का पूरा सहयोग किया जाएगा और उन्हें फसल बिक्री में किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी. किसानों की फसल बिकने के बाद 72 घंटे में किसानों के खातों में पैसा पहुंचा दिया जाएगा.
करनाल मंडी के आढ़ती ने किसानों से आग्रह किया है कि वे अपनी फसल को मंडी में अच्छी तरह से सुखाकर लाए ताकि उचित भाव मिल सके. मंडी में किसानों के लिए हर बार की तरह इस बार भी अच्छे इंतजाम किए गए हैं.
गेहूं खरीद के नए नियम
इस बार नए नियमों के मुताबिक, किसानों को अपनी ट्रैक्टर-ट्रॉली पर नंबर लिखवाना जरूरी होगा ताकि गेहूं खरीद के कार्य में पारदर्शिता लाई जा सके. मंडी में प्रवेश से पहले ट्रैक्टर और ट्रॉली की फोटो भी ली जाएगी और गेट पास जारी किया जाएगा.
बायोमेट्रिक प्रक्रिया से भी किसानों को गुजरना होगा. इसके लिए मंडी में 4 अलग- अलग जगहों पर बायोमेट्रिक के लिए व्यवस्था की गई है. इसके साथ- साथ किसानों की सुविधा के लिए मंडी में एक किसान सहायता केंद्र भी स्थापित किया गया है, जहां उन्हें हर प्रकार की जानकारी और मदद मिलेगी.
