नई दिल्ली | बृहस्पतिवार को विभिन्न राज्यों के मंत्रियों द्वारा GST के 12% और 28% की स्लैब को खत्म करने की सैद्धांतिक मंजूरी प्रदान की गई. वर्तमान में जीएसटी के 4 स्लैब 5% 12% 18% और 28% हैं. नई नीति के तहत, जीएसटी में सिर्फ 2 स्लैब 5 प्रतिशत और 18% ही रखे जाएंगे. हालांकि, विपक्षी दल शासित राज्यों ने यह जानने की इच्छा जताई कि इस फैसले से राजस्व नुकसान की भरपाई कैसे की जाएगी.
लक्ज़री आइटम्स पर एक्स्ट्रा टैक्स का सुझाव
मंत्री समूह इस बात के लिए सहमत हुए कि नए बदलावों से आम आदमी को लाभ मिलेगा, लेकिन कुछ सदस्यों ने यह इच्छा जताई कि महंगी कारों जैसी लक्ज़री आइटम्स पर 40% कर के अलावा एक अतिरिक्त कर भी लगाया जाए.
मंत्री समूह के संयोजक बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जानकारी देते हुए कहा कि हमने सरकार के प्रस्ताव का समर्थन किया है और 12% और 28% की जीएसटी स्लैब को खत्म करने की बात कही है.
जीएसटी काउंसिल लेगी अंतिम फैसला
केंद्र के प्रस्तावों पर सभी द्वारा अपनी राय दी गई. इन सुझावों और आपत्तियों को जीएसटी काउंसिल के पास भेजा गया है, जो इस पर अंतिम निर्णय लेगी. सितंबर या अक्टूबर 2025 में जीएसटी काउंसिल की अगली बैठक हो सकती है, जिसमें इसे मंजूरी दी जा सकती है. यदि ऐसा हो जाता है, तो 2026 की शुरुआत से नई दरों को लागू कर दिया जाएगा.
यह सामान होंगे सस्ते
इन्हें बदलाव के बाद सूखे मेवे, ब्रांडेड नमकीन, टूथ पाउडर, टूथपेस्ट, साबुन, हेयर ऑयल, एंटीबायोटिक, पेन किलर दवाएं, प्रोसेस्ड फूड, स्नैक्स, फ्रोजन सब्जियां, कंडेंस्ड मिल्क, मोबाइल, कंप्यूटर, सिलाई मशीन, प्रेशर कुकर, गीजर जैसे सामान सस्ते हो सकते हैं. 1000 से ज्यादा रुपए के रेडीमेड कपड़े, बिना बिजली वाले पानी के फिल्टर, इलेक्ट्रिक आयरन, वैक्यूम क्लीनर, जूते, वैक्सीन, साइकिल और बर्तन पर भी कम टैक्स लग सकता है.
कई प्रोडक्ट्स पर घटेगा टैक्स
ज्योमेट्री बॉक्स, नक्शे, ग्लोब, कृषि मशीनरी, सोलर वाटर हीटर जैसे प्रोडक्ट भी 5% टैक्स लिमिट में शामिल हो जाएंगे. सीमेंट, ब्यूटी प्रोडक्ट, चॉकलेट, कंकरीट, टीवी, फ्रिज, वाशिंग मशीन, एसी, निजी विमान, चीनी सिरप, प्लास्टिक प्रोडक्ट, रबर टायर, एल्युमिनियम फॉयल, टेंपर्ड ग्लास पर टैक्स को 28% से कम करके 18% पर किया जाएगा.
