नई दिल्ली | राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में ट्रैफिक संचालन को सुगम बनाने की दिशा में निरंतर नए प्रयास किए जा रहे हैं. इसी कड़ी में ट्रैफिक जाम से जूझ रहे राजधानी के लोगों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. यहां पिछले 10 सालों से अटकी बरापुला Phase- 3 फ्लाईओवर परियोजना को आखिरकार केंद्रीय सशक्तिकरण समिति (CEC) से मंजूरी मिल गई है.
दिल्ली में और बेहतर होगा ट्रैफिक संचालन
बरापुला कॉरिडोर दिल्ली का अहम फ्लाईओवर नेटवर्क है. इसके पहले चरण का निर्माण 2010 में किया गया था, जो सराय काले खां से जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम तक जाता है. दूसरे चरण में इसे AIIMS और डिफेंस कॉलोनी तक बढ़ाया गया था और अब तीसरे चरण में सराय काले खां से मयूर विहार तक का हिस्सा जोड़ा जाएगा.
इस नए कॉरिडोर का निर्माण यमुना नदी के ऊपर किया जाएगा. इससे बनने से दक्षिणी दिल्ली और पूर्वी दिल्ली के बीच सीधी और तेज कनेक्टिविटी होगी. ITO, रिंग रोड और मथुरा रोड पर लोगों को भारी ट्रैफिक जाम से जूझना पड़ता है. ऐसे में नया फ्लाईओवर लोगों को वैकल्पिक मार्ग की सुविधा देगा, जिससे समय और ईंधन दोनों की बचत होगी और प्रदुषण से कमी आएगी.
ट्रैफिक जाम से मिलेगा छुटकारा
यह प्रोजेक्ट लंबे समय तक पर्यावरणीय स्वीकृति और भूमि अधिग्रहण से जुड़ी अड़चनों में अटकी रही. यमुना बाढ़ क्षेत्र से गुजरने के कारण कई बार आपत्ति उठाई गई, लेकिन अब मंजूरी मिलने के बाद निर्माण कार्य तेजी से शुरू होने की उम्मीद जगी है. PWD मंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि इस फ्लाईओवर के निर्माण से दिल्ली के लोगों को ट्रैफिक जाम से बड़े स्तर पर राहत पहुंचेगी.
