भिवानी, Haryana Mausam News | हरियाणा में आमतौर पर 29 जून तक मानसून दस्तक देता है, लेकिन इस बार 5 दिन पहले ही मानसून ने तय समय से पहले राज्य में प्रवेश कर लिया है. बीते 25 वर्षों में यह चौथी बार है, जब मानसून अपने निर्धारित समय से पहले पहुंचा है. इस बार मानसून की लाइन उत्तर प्रदेश के बिजनौर से होते हुए करनाल और कैथल के बीच से गुजरी है.

अब प्रदेश में अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से नमी वाली हवाएं प्रवेश कर रही हैं. मौसम विभाग ने पंचकूला, अंबाला और यमुनानगर के लिए तेज बारिश का अलर्ट जारी किया है.
36 घंटे में पूरे प्रदेश में सक्रिय होगा मानसून
बीती रात से सुबह तक यमुनानगर, करनाल और पानीपत में रुक-रुक कर बूंदाबांदी देखने को मिली. मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 36 घंटों के भीतर पूरे प्रदेश में मानसून सक्रिय हो जाएगा. आने वाले 7 दिनों तक बरसात के आसार बने रहेंगे. इसके साथ ही, 25 और 26 जून के लिए ऑरेंज अलर्ट भी जारी किया गया है. इस दौरान कई स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है. बीते 24 घंटों में प्रदेश में औसतन 5.9 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है.
कुरुक्षेत्र में सबसे अधिक 36 एमएम बारिश दर्ज
प्रदेश में कुरुक्षेत्र में सबसे ज्यादा 36 मिमी वर्षा दर्ज की गई. बारिश के कारण तापमान सामान्य से 4.3 डिग्री कम हो गया. अधिकांश जिलों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे रिकॉर्ड किया गया. सिरसा में सबसे अधिक तापमान 38.26 डिग्री रहा, जबकि करनाल में न्यूनतम तापमान 30.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. अन्य जिलों में तापमान 31.8 डिग्री से 36.7 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा.
इस बार सामान्य से अधिक बारिश की उम्मीद
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग, चंडीगढ़ केंद्र के निदेशक डॉ. सुरेंद्र पाल ने जानकारी दी कि आम तौर पर 1 जून से 30 सितंबर के बीच 438 मिमी बारिश होती है. इस बार 475 मिमी बरसात होने का अनुमान है. 1 जून से 24 जून तक अब तक 38.7 मिमी बारिश दर्ज की जा चुकी है.