हरियाणा को मिली नेशनल फॉरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी की सौगात, चिह्नित अपराध से जुड़े मामलों को सुलझाने में होगी आसानी

चंडीगढ़ | हरियाणा में आपराधिक मामलों पर अंकुश लगाने की दिशा में सरकार द्वारा एक नई पहल की गई है. यहां 50 एकड़ जमीन पर नेशनल फॉरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी (NFSU) का कैंपस खुलेगा. हालांकि, अभी इसके लिए जगह फाइनल नहीं की गई है. इस संबंध में आज केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह की उपस्थिति में NFSU और हरियाणा सरकार के बीच एक एमओयू साइन हुआ है.

IMG 20240629 WA0013

इस मौके पर केंद्रीय उर्जा मंत्री एवं पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल, सीएम नायब सैनी और विधानसभा स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता मौजूद रहे.

आपराधिक मामले सुलझाने में आएगी तेजी

इस मौके पर केंद्रीय उर्जा मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि इस कैंपस के खुलने से चिह्नित अपराध केस से जुड़े मामलों को तेजी से सुलझाया जा सकेगा. उन्होंने बताया कि NFSU के साथ मिलकर हरियाणा में देश का पहला सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनेगा. साल, 2022 में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से इस सेंटर की प्रेरणा मिली थी. वर्तमान में राज्य में फॉरेंसिक लैब की संख्या का आंकड़ा 4 है.

यह भी पढ़े -  हरियाणा में PG करने वाले डॉक्टरों के लिए खुशखबरी, बॉन्ड और ट्रांसफर से मिली राहत

अमित शाह ने दी बधाई

सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की हरियाणा को बधाई देते हुए केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि 3 नए कानूनों को धरातल पर उतारने में यह सेंटर वैज्ञानिक तौर पर सहायक सिद्ध होगा. इसी सेंटर में ट्रैनिंग इंस्टीट्यूट खोलने का प्रस्ताव रखा गया है. हरियाणा सहित आसपास के राज्यों के लिए ये सेंटर ट्रैनिंग की व्यवस्था उपलब्ध कराएगा.

हरियाणा को मिलेगी मजबूती

सीएम नायब सैनी ने इस अवसर पर कहा कि सेंटर ऑफ एक्सीलेंस से केंद्र सरकार के मार्गदर्शन में हरियाणा को और अधिक मजबूती मिलेगी. सेंटर के बनने से चिह्नित अपराध में सबूत एकत्रित करने में और अधिक आसानी होगी.

Avatar of Ajay Sehrawat
Ajay Sehrawat
View all posts

मेरा नाम अजय सहरावत है. मीडिया जगत में पिछले 6 साल से काम कर रहा हूँ. बीते साढ़े 5 साल से Haryana E Khabar डिजिटल न्यूज़ वेबसाइट के लिए बतौर कंटेंट राइटर के पद पर काम कर रहा हूँ.