रेवाड़ी | हरियाणा में विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए परिवार पहचान पत्र (PPP) को अनिवार्य किया गया है. अनेकों सरकारी योजनाएं ऐसी हैं, जिनका लाभ लाभार्थियों को सीधे तौर पर पीपीपी के जरिए दिया जा रहा है. परिवार पहचान पत्र के जरिए लोगों की भी काफी परेशानियां हल हुई हैं, लेकिन वहीं, कुछ लोगों के लिए यह परेशानी का सबब भी बना हुआ है.

हरियाणा के रेवाड़ी जिले की बुजुर्ग महिला के परिवार पहचान पत्र में 26 व्यक्ति जुड़े हुए हैं, जिन्हें ठीक करवाने के लिए वह पिछले 1 साल से अधिकारियों के पास धक्के खाने को मजबूर हो चुकी है. लेकिन, उसकी समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है.
पीपीपी में जुड़े 26 सदस्य
कोसली के नठेड़ा गांव की 80 वर्षीय बुजुर्ग कामा बाई ने बताया कि कुछ समय पहले उसके पति की मृत्यु हो गई थी और जब वह फैमिली आईडी को लेकर क्रीड पंचायत लोकल ऑपरेटर के पास पहुंची, तो वहां उसे जानकारी मिली कि उसकी आईडी में प्रदेश के अलग- अलग हिस्सों से 26 व्यक्ति जुड़ गए हैं. बुजुर्ग महिला को बताया गया कि इस त्रुटि को ठीक करना भी काफी मुश्किल काम है. अब इसे ठीक करने के लिए वह जिले के अतिरिक्त उपायुक्त से लेकर तहसीलदार तक के पास चक्कर लगा चुकी है, लेकिन फैमिली आईडी की ये त्रुटियां ठीक होने का नाम नहीं ले रही हैं.
महिला ने लगाई गुहार
बुजुर्ग महिला ने कहा, “बुजुर्ग होने के कारण मैं चलने फिरने में असमर्थ हूँ. बार- बार अधिकारियों के चक्कर लगाकर थक चुकी हूँ. पीपीपी में त्रुटियां दूर न होने के कारण सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है. मेरा अधिकारियों से अनुरोध है कि पीपीपी की त्रुटियां ठीक की जाएं, ताकि मुझे सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके.
यह मामला उनके संज्ञान में नहीं था. जल्दी ही, इन त्रुटियों को ठीक करवा दिया जाएगा. बुजुर्ग महिला को किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी- विजय यादव, एसडीएम, कोसली