नई दिल्ली, Career Tips | 12वीं की परीक्षा पास करने के बाद विद्यार्थियों के मन में संशय होता है कि वह किस फील्ड में जाएं. हर स्टूडेंट चाहता है कि वह अपनी रुचि के अनुसार फील्ड में जाए मगर उसका करियर भी सेट हो. ऐसे में अगर आपने भी हाल ही में 12वीं कक्षा के परीक्षा दी है और अब आप आगे के बारे में सोच रहे हैं, तो हमारी यह खबर जरूर देखें.
लॉ के साथ करें प्रोफेशनल कोर्स
अगर कोई छात्र पीसीएम से 10+2 कर रहा है और वह आगे लॉ के क्षेत्र में जाना चाहता है, तो क्या वह लॉ के साथ कोई अन्य प्रोफेशनल पाठ्यक्रम कर सकता है?
आइए इस सवाल का जवाब जानते है. लॉ में 5 वर्षीय इंटीग्रेटेड कोर्स होता है, जिसके अंतर्गत लॉ को ग्रेजुएशन कोर्स के साथ इंटीग्रेट करके पूरे देश में संचालित किया जाता है. इस कोर्स मेंएडमिशन लेने की न्यूनतम योग्यता किसी भी विषय से 10+2 है.
एडमिशन के लिए देना होगा क्लैट
यानी कि इस कोर्स में दाखिला लेने के लिए यह जरूरी नहीं है कि आपने पीसीएम से ही 12वीं की हो. काफी छात्रों को यह भी पता होगा किइस इंटीग्रेटेड लॉ कोर्स में दाखिले के लिए क्लैट यानी कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट में शामिल होना होगा. क्लैट में आपका स्कोर जितना अच्छा होगा, आपको उतना ही अच्छा कॉलेज मिलेगा. बीते कुछ सालों में लॉ के इंटीग्रेटेड कोर्स में भी कई नए बदलाव हुए हैं.
यह भी बने लॉ कोर्स के हिस्से
अभी तक आर्ट्स से 10+2 करने वाले छात्रों को बीए एलएलबी, कॉमर्स से 10+2 पास करने वाले छात्रों को बीकॉम एलएलबी और साइंस से 10+2 करने वाले छात्रों को बीएससी एलएलबी कोर्स ऑफर होता था. समय की मांग को देखते हुए देश के कई विश्वविद्यालयों की तरफ से बिजनेस मैनेजमेंट और कंप्यूटर साइंस को भी लॉ कोर्स का भाग बनाया गया है. अब छात्रों के पास बीबीए एलएलबी और बीसीए एलएलबी का ऑप्शन भी है.
लॉ के साथ मिलेगी प्रोफेशनल डिग्री
करियर के लिहाज से ऐसे पाठ्यक्रमों का बेनिफिट यह है कि आप लॉ साथ एक प्रोफेशनल डिग्री भी हासिल कर लेते हैं. हालांकि, ये कोर्सेस सभी संस्थानों या विश्वविद्यालयों में उपलब्ध नहीं हैं, इसलिए आवेदन करने से पहले मौजूद पाठ्यक्रमों की जानकारी जरूर ले लें. ऐसे में अगर आप जिस भी विश्वविद्यालय या संस्थान से इस कोर्स को करना चाहते हैं. यह विकल्प वहां पर उपलब्ध है, तो आप इसमें दाखिला ले सकते हैं.
