नई दिल्ली | राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से एक बड़ी खबर सामने आई है. यहां होलंबी कलां में करीब साढ़े 11 एकड़ जमीन पर देश का सबसे पहला इलेक्ट्रॉनिक- वेस्ट इको पार्क बनाया जाएगा. यहां पर इलेक्ट्रॉनिक कचरे का सही ढंग से निपटान किया जा सकेगा. पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि यहां पर सालाना 51 हजार मीट्रिक टन ई- वेस्ट का प्रोसेसिंग रहेगा. इसमें वे सभी 106 कैटेगरी शामिल रहेंगी, जोकि ई- वेस्ट मैनेजमेंट नियम 2022 के तहत सूचीबद्ध हैं.
350 करोड़ रुपए का मिलेगा राजस्व
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में की गई इस पहल को अब मनजिंदर सिंह सिरसा तथा दिल्ली स्टेट इंडस्ट्रियल एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (DSIIDC) की ओर से आगे बढ़ाया जा रहा है. पर्यावरण मंत्री मनजिंदर ने DSIIDC को ग्लोबल टेंडर जारी करने का निर्देश दिया है. उन्होंने इस प्रोजेक्ट से सालाना 350 करोड़ रुपए राजस्व मिलने की उम्मीद जताई है.
पर्यावरण मंत्री ने बताया कि देश के इस पहले ई-वेस्ट इको पार्क का निर्माण कार्य 18 महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है. उन्होंने बताया कि एक बार पूरी तरह से चालू होने के बाद यह पार्क अगले 5 सालों में दिल्ली के कुल ई- वेस्ट का लगभग 25% प्रोसेस करेगा.
रोजगार के बनेंगे अवसर
राजधानी दिल्ली में ईको पार्क निर्माण से जहां ई- वेस्ट का निपटान करने में मदद मिलेगी, तो वहीं दूसरी ओर हजारों लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे. इस पार्क में ई- वेस्ट को रिसाइकल करने के अलावा रिफर्बिशिंग, डिस्मेंटलिंग, कंपोनेंट टेस्टिंग, प्लास्टिक रिकवरी और सेकंड हैंड इलेक्ट्रॉनिक्स मार्केट के लिए अलग- अलग जोन स्थापित किए जाएंगे. साथ ही, अन- ऑर्गेनाइज्ड एरिया के हजारों वर्कर्स को औपचारिक रूप से ट्रेनिंग देने के लिए स्किल और ट्रेनिंग सेंटर भी स्थापित करने की योजना है. यहां लोगों के लिए ग्रीन जॉब्स उपलब्ध होंगे.
