हरियाणा में बिजली उपभोक्ताओं की बढ़ीं मुश्किलें, 4 गुना बढ़ा बिजली बिल

पंचकूला | उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (UHBVN) द्वारा जून के महीने में लोगों को भारी भरकम बिजली बिल थमाए गए हैं. दरअसल, यूएचबीवीएनएल द्वारा बिजली की दरों में बढ़ोतरी की गई है. पंचकूला के लोगों का कहना है कि बिजली के बिलों में 4 गुना तक इज़ाफा हुआ है. निगम द्वारा ₹75 प्रति किलोवाट के हिसाब से फिक्स चार्ज भी जोड़ा गया है. यदि किसी का 10 किलोवाट का कनेक्शन है तो उसे हर महीने 750 रुपए अतिरिक्त देने होंगे.

Bijli Bill

बिजली दरों के नए स्लैब से बढ़ा आर्थिक बोझ

अब से पहले बिजली की दरों को स्लैब वाइस तय किया गया था. 50 यूनिट या उससे ज्यादा की खपत पर 2.50 रुपए से 6.30 रुपए प्रति यूनिट तक का चार्ज लगता था. अब 5 किलोवाट से ज्यादा लोड होने पर 6.50 से 7.50 रुपए प्रति यूनिट तक वसूली की जा रही है. इस तरह जो बिल पहले ₹1000 आता था, वह अब ₹4000 तक पहुंच गया है.

बहादुरगढ़ में कारोबारियों द्वारा बिजली महंगी होने पर विरोध जताया गया है. चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज द्वारा इस मुद्दे पर बैठक की गई और बिजली मंत्री अनिल विज को पत्र लिखा गया. पत्र में कहा गया कि राजस्थान, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में हरियाणा से कम फिक्स्ड चार्ज लिए जा रहे हैं. इसलिए सरकार को फिक्स चार्ज को कम करके उद्योगों को राहत देनी चाहिए. नहीं तो राज्य से उद्योगों का पलायन तय है.

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बिजली की खपत ने तोड़े रिकॉर्ड

इस बार मई- जून में गर्मी ने बिजली खपत के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. जून 2025 में बीते 6 सालों का रिकॉर्ड टूट गया. 11 जून को तापमान 42 डिग्री से ऊपर रिकॉर्ड किया गया और इस दिन 60.65 लाख यूनिट बिजली की खपत हुई. 2020 से 2025 तक मई और जून में हुई अधिकतम खपत में यह सबसे अधिक है. पिछले साल की तुलना में इस बार जून के पहले 2 सप्ताह में बिजली की खपत थोड़ी कम जरूर दर्ज की गई है. इस साल जून के पहले 19 दिनों में 909.09 लाख यूनिट बिजली खर्च हुई, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह आंकड़ा 956.19 लाख यूनिट था.

8 साल बाद दरों में हुआ इजाफा

इस विषय में यूएचबीवीएन के सीनियर अधिकारियों का कहना है कि हमने 8 साल बाद बिजली की दरों में बढ़ोतरी की है. इससे पहले साल 2017 में ऐसा हुआ था. यूबीवीएचएन का घाटा 4500 करोड़ रुपए तक पहुंच गया था. इस घाटे को पूरा करने के लिए हरियाणा इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन लंबे समय से दरें बढ़ाने की सिफारिश कर रहा था. 3000 करोड़ रुपए के घाटे की भरपाई के लिए यूएचबीवीएनएल द्वारा बिजली के बिलों में इजाफा किया गया है.

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Nisha Tanwar
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