चंडीगढ़ | हरियाणा में अग्निवीर जवानों के लिए एक अच्छी खबर है. सैनिक एवं अर्धसैनिक कल्याण मंत्री राव नरबीर सिंह ने बताया कि अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित करने के उद्देश्य से हरियाणा मंत्रिमंडल द्वारा ‘हरियाणा अग्निवीर नीति- 2024’ को मंजूरी दी जा चुकी है जिसे अगस्त 2026 से लागू किया जाएगा.

अग्निवीर जवानों को दोहरी खुशखबरी
उन्होंने बताया कि इस नीति को मंजूरी मिलने के साथ ही अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित करने की राह प्रशस्त हो गई है. जुलाई में वापस लौटने वाले पहले बैच के अग्निवीरों को इस नीति का सबसे पहले लाभ होगा. इस नीति के तहत अग्निवीरों को सरकारी नौकरियों में होरिजेंटल आरक्षण (आरक्षण के अंदर विशेष श्रेणियों के लिए निर्धारित कोटा) को 10 से बढ़ाकर 20% कर दिया गया है.
हरियाणा पूर्व अग्निवीरों को रोजगार की गारंटी देने वाला पहला राज्य होगा. प्रदेश में सैनिक एवं अर्धसैनिक कल्याण निगम खोलने की कार्रवाई जारी है. हरियाणा सरकार अपनी नीति के तहत पूर्व अग्निवीरों को हरियाणा पुलिस में कांस्टेबल, जेल वार्डन, फॉरेस्ट गार्ड सहित अन्य पदों पर विशेष आरक्षण भी देगी.
बिना ब्याज लोन देगी सरकार
कैबिनेट मंत्री राव नरबीर ने बताया कि साल 2022 में अग्निपथ योजना लागू की गई थी जिसके तहत भर्ती अग्निवीरों में से 25% अग्निवीरों को सेना द्वारा अपनी आवश्यकता के अनुसार नियमित सेवाओं में शामिल किया जाएगा. अग्निपथ योजना के तहत 4 सालों की सेवा अवधि में अग्निवीरों द्वारा फंड में दिए गए 30% अंशदान व भारत सरकार के कॉर्पस फंड के योगदान को मिलाकर अग्निवीरों को लगभग 11.71 लाख का सेवा निधि पैकेज प्राप्त होगा.
जो अग्निवीर स्वरोजगार या उद्यमिता के क्षेत्र में कदम बढ़ाना चाहते हैं, उनके लिए सरकार द्वारा तीन सालों तक 5 लाख रुपए तक लोन बिना ब्याज उपलब्ध कराया जाएगा.