चंडीगढ़ | राजधानी चंडीगढ़ स्थित पंजाब यूनिवर्सिटी (PU) में इस सत्र से पीएचडी स्कॉलर्स को भी ऑनलाइन माध्यम से हॉस्टल आवंटित किए जाएंगे. अब तक ऑनलाइन हॉस्टल अलॉटमेंट की सुविधा मुख्य रूप से ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के नए व पुराने विद्यार्थियों तक सीमित थी लेकिन इस बार विश्वविद्यालय प्रशासन ने PhD विद्यार्थियों को भी इस व्यवस्था में शामिल करने का निर्णय लिया है. पंजाब यूनिवर्सिटी के डीन स्टूडें वेलफेयर कार्यालय ने तैयारियां शुरू कर दी है.

विभिन्न विभागों और हॉस्टल प्रशासन के बीच उपलब्ध सीटों का डेटा साझा किया जा रहा है सभी श्रेणियों के विद्यार्थियों के लिए हॉस्टल आवंटन प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन किया जा सके. वर्तमान में विश्वविद्यालय में नए सत्र के लिए दाखिला प्रक्रिया जारी है.
प्रक्रिया डिजिटल करने की मांग
विश्वविद्यालय में हॉस्टल आवंटन को कोर्स और श्रेणी के आधार पर मेरिट के अनुसार किया जाता है. डीएसडब्ल्यू कार्यालय विभागों को सीटें आवंटित करता है और विभाग अपनी सीटों पर मेरिट लिस्ट के आधार पर विद्यार्थियों का चयन करते हैं. लंबे समय से छात्र पूरी प्रक्रिया को डिजिटल करने की मांग कर रहे थे जिसे अब धीरे- धीरे लागू किया जा रहा है. पीयू कैंपस के हॉस्टलों में सीटों के लिए हमेशा भारी कॉम्पिटिशन रहती है. बता दें कि हर साल बड़ी संख्या में विद्यार्थियों को वेटिंग लिस्ट में रहना पड़ता है.
किया गया ऑनलाइन
विश्वविद्यालय के हॉस्टलों में करीब 8 हजार विद्यार्थी रहते हैं, जिनमें लगभग आधे पुराने विद्यार्थी होते हैं जिनका हॉस्टल नवीनीकरण किया जाता है जबकि करीब 4 हजार नए विद्यार्थियों को हर साल पहली बार हॉस्टल आवंटित किया जाता है. पीयू की महिला डीएसडब्ल्यू प्रो. नमिता ने बताया कि इस बार सभी विद्यार्थियों के लिए हॉस्टल आवंटन प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन करने की योजना पर काम किया जा रहा है.