हरियाणा में बुढ़ापा पेंशन को लेकर बड़ी खुशखबरी, जन्मतिथि सत्यापन के बदलेंगे नियम; इन्हें मिलेगा फायदा

चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार परिवार पहचान पत्र (PPP) में जन्मतिथि (DOB) के सत्यापन की प्रक्रिया को आसान बनाने की तैयारी कर रही है. जिन बुजुर्गों के पास उम्र साबित करने के लिए निर्धारित पांच दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं, उनके लिए सरकार नया विकल्प लाने पर विचार कर रही है. सरकार के प्रस्ताव के अनुसार ऐसे मामलों में फैमिली आईडी में दर्ज बड़े बेटे या बेटी के दस्तावेजों के आधार पर भी बुजुर्ग की उम्र का सत्यापन किया जा सकेगा.

pension

यदि परिवार की सबसे बड़ी संतान की उम्र 42 वर्ष या उससे अधिक है, तो संबंधित बुजुर्ग की आयु 60 वर्ष या उससे अधिक मानते हुए उसे बुढ़ापा पेंशन के लिए पात्र माना जा सकता है.

हरियाणा बुढ़ापा पेंशन

प्रदेश में सबसे अधिक समस्याएं बुढ़ापा पेंशन के मामलों में सामने आ रही हैं, क्योंकि इस योजना का लाभ लेने के लिए 60 वर्ष की आयु पूरी होना अनिवार्य है. हाल ही में सरकार ने पेंशन लाभार्थियों को संदेश भेजकर 30 दिनों के भीतर अपनी जन्मतिथि का सत्यापन कराने को कहा है. इसके लिए पांच प्रकार के दस्तावेज निर्धारित किए गए हैं. हालांकि, कई बुजुर्गों के पास इनमें से कोई भी दस्तावेज नहीं होने के कारण उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

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इन्हें मिलेगा फायदा

PPP के कोऑर्डिनेटर डॉ. सतीश खोला ने बताया कि इसी समस्या के समाधान के लिए वैकल्पिक व्यवस्था तैयार की जा रही है. उन्होंने कहा कि सरकार ऐसे सभी मामलों पर गंभीरता से विचार कर रही है, ताकि किसी भी पात्र व्यक्ति को पेंशन से वंचित न होना पड़े. CM नायब सिंह सैनी के निर्देशानुसार किसी भी पात्र बुजुर्ग की पेंशन बंद नहीं की जाएगी. जब तक जन्मतिथि सत्यापन की प्रक्रिया पूरी नहीं होती, तब तक पात्र लाभार्थियों को पेंशन मिलती रहेगी. उन्होंने कहा कि भविष्य में बिना किसी बाधा के लाभ मिलता रहे, इसके लिए फैमिली आईडी में जन्मतिथि का सत्यापन जरूरी है.

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Sanjucta Pandit
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मेरा नाम संयुक्ता पंडित है. मै हरियाणा ई खबर में बतौर कंटेंट एडिटर के पोस्ट पर लगभग 4 सालों से काम रही हूँ. मेरी हमेशा कोशिश रहती है आप लोगो तक ब्रेकिंग न्यूज़ जल्द से जल्द अपडेट करूं और न्यूज़ में कोई व्याकरण की गलती न हो.