चंडीगढ़ | हरियाणा में खरीफ विपणन सीजन 2026- 27 के दौरान धान की कटाई से लेकर मंडियों में फसल पहुंचाने तक नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी है. इस बार किसान कंबाइन हार्वेस्टर से केवल सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच धान की कटाई करा सकेंगे. शाम 6 बजे से अगले दिन सुबह 10 बजे तक कंबाइन चलाने पर रोक रहेगी. आदेश नहीं मानने पर कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है.
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग ने इस संबंध में सभी जिला मजिस्ट्रेट और उपायुक्तों को पत्र भेजा है. जिला प्रशासन को स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार जरूरी बदलाव करने और किसानों, कंबाइन संचालकों, आढ़तियों तथा ट्रांसपोर्टरों तक नियमों की जानकारी पहुंचाने को कहा गया है.
17 प्रतिशत नमी निर्धारित मानक
कंबाइन चलाने का समय तय करने के पीछे धान में नमी बड़ी वजह है. देर शाम से सुबह तक ओस और अधिक नमी रहती है. ऐसे समय में कंबाइन से काटे गए धान में नमी निर्धारित खरीद मानक से ज्यादा हो सकती है. इससे मंडियों में फसल की खरीद, सुखाने और भंडारण में परेशानी आती है. धान खरीद के लिए वर्तमान निर्धारित नमी सीमा 17 प्रतिशत है. किसानों को मौसम और खेत की स्थिति देखकर पकी फसल काटने तथा जरूरत पड़ने पर मंडी लाने से पहले धान को अच्छी तरह सुखाने की सलाह दी गई है.
गेट पास से एंट्री
सरकार ने मंडियों में ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और दूसरे वाहनों की भीड़ नियंत्रित करने की भी तैयारी की है. वाहनों की एंट्री निर्धारित समय और टोकन/गेट पास के आधार पर कराई जाएगी. इसका उद्देश्य मंडियों के आसपास जाम रोकने और खरीद प्रक्रिया को सुचारू रखना है. ये निर्देश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत जारी किए गए हैं. 17 प्रतिशत से अधिक नमी वाला धान काटना या किसान का उसे अपने पास रखना अपने आप में आपराधिक प्रतिबंध नहीं होगा. ऐसे धान की खरीद संबंधित खरीद नियमों और सक्षम अधिकारियों के निर्देश के अनुसार होगी.
