भिवानी | हरियाणा पुलिस (Haryana Police) की ईमानदारी का एक किस्सा चौतरफा सुर्खियां बटोर रहा है. हर कोई बस यहीं कह रहा है कि ईमानदारी आज भी जिंदा है. पूरा मामला मंगलवार की दोपहर का हैं, जहां हांसी- भिवानी सड़क मार्ग पर गांव जीताखेड़ी के पास एक मोटरसाइकिल सवार शख्स का एक्सीडेंट हो जाता है. इस हादसे की सूचना बवानी खेड़ा पुलिस थाना में पहुंचती है, तो जांच अधिकारी ASI विजय कुमार मौके पर पहुंचते हैं.
बैग के अंदर था 2 लाख रुपए कैश
ASI विजय कुमार घटनास्थल पर पहुंचे तो उन्हें घायल व्यक्ति तो नहीं मिला पर क्षतिग्रस्त हालत में उसकी मोटरसाइकिल मिली. उन्होंने जांच की तो मोटरसाइकिल के बैग के अंदर एक कपड़े के थैले में पॉलीथिन के अंदर 2 लाख रुपए की नकद राशि थी. इसके बाद, उन्होंने पता लगाया तो सामने आया कि घायल व्यक्ति को एंबुलेंस के जरिए हांसी के एक प्राइवेट अस्पताल में ले जाया गया है. ऐसे में ASI विजय कुमार उस रकम के साथ उस अस्पताल में पहुंचे.
यहां प्रारंभिक जांच में सामने आया कि गांव मुंढाल कलां निवासी 46 वर्षीय राजेंद्र बिजली विभाग का कर्मचारी हैं और वह किसी काम से मोटरसाइकिल पर बवानी खेड़ा जा रहा था. बीच रास्ते जीता खेड़ी के पास उनका एक्सीडेंट हो गया. राजेंद्र बयान देने की हालत में नहीं था. अस्पताल में उसके पास पत्नी संतोष व अन्य परिजन मौजूद थे. ASI विजय कुमार ने उन्हें बताया कि मोटरसाइकिल के बैग से 2 लाख रूपए की राशि मिली है. ये राशि उन्होंने राजेन्द्र की पत्नी संतोष को सौंप दी.
DSP ने की जमकर सराहना
पुलिस कर्मचारी एएसआई विजय कुमार की इस ईमानदारी को देखकर परिजनों समेत वहां मौजूद अस्पताल स्टाफ ने जमकर सराहना करते हुए उनका दिल की गहराइयों से धन्यवाद किया. ऐसे ईमानदार पुलिस कर्मचारियों को पुलिस के आला अधिकारियों द्वारा प्रोत्साहित किए जाने की भी गुजारिश की.
इस मामले को लेकर तोशाम पुलिस थाना डीएसपी दलीप कुमार ने एएसआई विजय कुमार पर गर्व महसूस करते हुए कहा कि हमें उनके सराहनीय कार्य पर नाज है. पुलिस का दायित्व सेवा सुरक्षा और सहयोग करना हैं और प्रत्येक पुलिस कर्मचारी को अपने फर्ज के प्रति हमेशा सजग रहकर कार्य करना चाहिए.
