चंडीगढ़ | हरियाणा के स्कूलों में अब ई- लाइब्रेरी बनाई जाएगी. राज्य के 686 स्कूलों में स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद की तरफ से ई- पुस्तकालय स्थापित किये जायेंगे. इस स्कीम का लक्ष्य विद्यार्थियों व प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को डिजिटल माध्यम से गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री उपलब्ध करवाना है. इस पहल के अंतर्गत सरकारी स्कूलों में पहले से स्थापित भाषा प्रयोगशालाओं को अब डिजिटल लाइब्रेरी में परिवर्तित किया जा रहा है.
मिलेगी अध्ययन सामग्री
इनमें पहले से मौजूद कंप्यूटर, हेडफोन और इंटरनेट की सहायता से स्टूडेंट्स राष्ट्रीय डिजिटल पुस्तकालय से सीधे कनेक्ट हो सकेंगे. इससे जिले के ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को भी उच्च गुणवत्ता की अध्ययन सामग्री मिल पायेगी और यह छात्र भी अच्छे से तैयारी कर पाएंगे. स्कूलों में उपलब्ध तकनीकी संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल सुनिश्चित किया जाएगा.
कमेटी हर महीने बनाएगी रिपोर्ट
आम नागरिक भी अपनी रुचि अनुसार पुस्तकें पढ़ पाएंगे. इस पहल से लाखों ई- पुस्तकें, शोध- पत्र, पत्रिकाएं और अन्य अध्ययन सामग्री विद्यार्थियों को फ्री में मिल सकेंगी. पीएमश्री स्कूलों में बनाए जा रहे ई- पुस्तकालय की निगरानी के लिए जिला स्तर पर कमेटी बनेगी. इसमें जिला परियोजना समन्वयक, सहायक परियोजना समन्वयक, एक एबीआरसी को शामिल किया जाएगा. कमेटी हर महीने ई- पुस्तकालय के इस्तेमाल को लेकर रिपोर्ट बनाएगी.
स्थानीय लोग ले पाएंगे लाभ
ई लाइब्रेरी का लाभ सिर्फ छात्रों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि स्कूल की छुट्टी होने के बाद भी स्थानीय लोगों व प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों के लिए भी यह खुली रहेंगी. यानी की स्कूल की छुट्टी होने के बाद स्थानीय लोग तथा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थी भी इस लाइब्रेरी का लाभ ले पाएंगे. इसके लिए प्रिंसिपल को पुस्तकालय के संचालन की जिम्मेदारी दी जाएगी. ई- लाइब्रेरी खोलने की स्थिति में सुरक्षा मानकों का पालन करना अनिवार्य होगा. इन सुरक्षा मानको के साथ ही ई लाइब्रेरी को खोला जाएगा.
