चंडीगढ़ | हरियाणा की नायब सैनी सरकार (Nayab Saini Govt) ने स्कूली बच्चों के लिए एक नया आदेश जारी किया है. स्कूलों में स्टूडेंट्स के दोपहिया वाहन नहीं ले जाने के जिला शिक्षा अधिकारी ने आदेश जारी किए हैं. जिला शिक्षा अधिकारी सुमित्रा देवी ने इस संबंध में सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी कर सभी सरकारी व निजी स्कूलों में इन आदेशों की पालना सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए हैं.
18 साल से कम उम्र के बच्चे
गौरतलब है कि स्कूलों में काफी संख्या में विद्यार्थी जिनकी उम्र 18 साल से कम है, वे इलेक्ट्रिक स्कूटी व अन्य दोपहिया वाहन लेकर स्कूल में जाते हैं. इससे सड़क हादसे का डर बना रहता है. बहुत से अभिभावक भी अपने बच्चों को स्कूल बस से भेजने की बजाय इलेक्ट्रिक स्कूटी दिलवा देते हैं. नियमानुसार, 18 साल उम्र पूरी होने के बाद ही दोपहिया वाहन चला सकते हैं और इसके लिए लाइसेंस भी बनवाना जरूरी है.
स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश
पिछले सप्ताह जिला परिवेदना समिति की बैठक में भी ये मुद्दा उठा था. डीसी मोहम्मद इमरान रजा ने जिला शिक्षा अधिकारी को आदेश दिए थे कि स्कूलों में विद्यार्थियों के दोपहिया वाहन ले जाने पर रोक लगाई जाए. जिन स्कूलों में विद्यार्थी दोपहिया वाहन लेकर जाते हैं, उन स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाए.
जान ख़तरे में न डाले अभिभावक
जिला शिक्षा अधिकारी सुमित्रा देवी ने कहा कि नाबालिग छात्र- छात्राएं दोपहिया वाहन ना चलाएं. अभिभावकों से अपील है कि वे अपने बच्चों को दोपहिया वाहन देकर उनकी जान को खतरे में ना डालें. सभी सरकारी व निजी स्कूलों को भी खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से निर्देश दिए हैं कि स्कूल में कोई विद्यार्थी दोपहिया वाहन लेकर ना आए. आदेश ना मानने पर स्कूल संचालक के खिलाफ कार्रवाई जाएगी.
