हरियाणा सरकार का बड़ा फैसला, मनमानी रोकने के लिए निजी अस्पतालों का प्रबंधन खुद संभालेगी सरकार

चंडीगढ़ । हरियाणा सरकार हरियाणा वासियों को कोविड-19 कोरोना वायरस महामारी और प्राइवेट हॉस्पिटल के कूप्रबंधन से निजात दिलाने के लिए अपनी शक्तियों का भरपूर प्रयोग करेगी. अगर कोई निजी अस्पताल कोरोना वायरस संक्रमण के उपचार के नाम पर अगले 48 घंटों में मनमानी वसूली बंद नहीं करता तो हरियाणा सरकार ऐसे सभी निजी हॉस्पिटल का प्रबंधन अपने हाथों में ले लेगी.

haryana cm jind video

हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर और हरियाणा के स्वास्थ्य एवं गृह मंत्री अनिल विज की आपसी सहमति के पश्चात सभी उच्च अधिकारियों को हरियाणा सरकार के इस निर्णय से अवगत करवा दिया गया है. अब हरियाणा के प्रत्येक जिले के लिए नियुक्त नोडल अधिकारियों से प्राइवेट हॉस्पिटल पर नजरें रखने के लिए कहा गया है और यदि कोई ऐसी शिकायत मिलती है तो उसे गंभीरता से लेने के आदेश है, जिसमें कोविड-19 महामारी का उपचार करा रहे मरीजों और उनके परिवार वालों से निर्धारित मूल्य से अधिक शुल्क वसूल किया जा रहा है.

यह भी पढ़े -   हांसी ब्रांच नहर में बहकर आए भारी मात्रा में मरे हुए मुर्गे, लोगों में भय का माहौल

मंगलवार को हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर और स्वास्थ्य एवं गृह मंत्री अनिल विज ने एक के बाद एक कई मीटिंग की और अनेकों मुद्दों पर विचार विमर्श करते हुए हरियाणा राज्य को कोरोना वायरस के प्रकोप से बाहर निकालने की रणनीति लागू करने पर सहमति बनाई. मीटिंग में इस मुद्दे पर भी विचार किया गया कि हरियाणा के सभी जिलों में प्राइवेट हॉस्पिटल का ऑक्सीजन का कोटा बढ़ाया जाए. 1 जिले के लिए निर्धारित की गई ऑक्सीजन के कोटा में 30% की वृद्धि की गई है.

यह भी पढ़े -   पर्वतारोही लापता: पर्वतारोही अनिता कुंडू का मौसम ने रोका रास्ता, पिछले 3 दिनों से नहीं हो पा रहा है सम्पर्क

उदाहरण के लिए अगर किसी जिले में ऑक्सीजन की आपूर्ति 120 टन होनी है तो 90 टन ऑक्सीजन की आपूर्ति हॉस्पिटल को होगी और शेष 30 टन ऑक्सीजन की आपूर्ति ऐसे लोगों तक होगी जो घरों में रहकर होम आइसोलेशन द्वारा अपना इलाज कर रहे हैं. ऑक्सीजन के इस प्रकार के न्याय पूर्ण वितरण पर अधिकारी अपनी नजरें जमाए रखेंगे.

यह भी पढ़े -   हरियाणा में 3 एचसीएस/ आईएएस अधिकारियों के तबादले, आदेश हुए जारी

स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने प्राइवेट हॉस्पिटल को भी सरकार के अधीन लेने पर बहुत ज्यादा रुचि दिखाई है और इसके साथ ही सीएम खट्टर के द्वारा रखे गए प्रस्ताव को भी जनता के हित में बताया है जिसमें बोला गया है कि अगर कोई हॉस्पिटल अपने संसाधनों का विस्तार करके उन्हें व्यापक रूप देकर करोना के मरीजों का उपचार करने के लिए प्रयोग करने का इच्छुक है तो सरकार उन्हें हर संभव सहायता देगी और प्रोत्साहित करेगी.

हमें Google News पर फॉलो करे- क्लिक करे! हरियाणा की ताज़ा खबरों के लिए अभी हमारे हरियाणा ताज़ा खबर व्हात्सप्प ग्रुप में जुड़े!