चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार की प्रोत्साहन नीति की बदौलत आज प्रदेश विदेशी निवेशकों की पहली पसंद बना हुआ है. इसी कड़ी में जापानी कंपनी TDK ने हरियाणा में 4,000 करोड़ रुपए के भारी- भरकम निवेश का प्रस्ताव रखा है. कल नई दिल्ली में आयोजित हुएं इलेक्ट्रिसिटी समिट में केंद्रीय उर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर और सीएम नायब सैनी से मिले प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि कंपनी हरियाणा में बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम यूनिट स्थापित करना चाहती है.
हरियाणा में प्रगति पर विदेशी निवेश
सीएम नायब सैनी ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर राज्य में ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को और ज्यादा प्रभावी बनाने की दिशा में निरंतर महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं. इससे प्रदेश में विदेशी निवेश को बढ़ावा मिल रहा है जिससे औद्योगिक विकास रफ्तार पकड़ चुका है. आज हरियाणा प्रदेश निवेशकों की पहली पसंद बना हुआ है और यह हमारी सरकार की प्रोत्साहन नीति का सकारात्मक परिणाम है.
उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा शुरू की गई नई पहल के तहत उद्योग जगत के साथ निरंतर संवाद स्थापित किया जा रहा है ताकि उत्पादन लागत, लाजिस्टिक्स और प्रक्रियाओं से जुड़ी चुनौतियों को कम किया जा सके. इन सुधारों से न केवल निवेशकों के विश्वास में बढ़ोतरी हुई है बल्कि छोटे और मध्यम उद्योगों को भी बड़ा लाभ पहुंच रहा है.
हजारों लोगों को मिलेगा रोजगार
मुख्यमंत्री ने बताया कि हमारी सरकार मूल उपकरण निर्माता की वैश्विक सप्लाई चेन को और मजबूत करने के लिए लगातार काम कर रही है. इसके लिए जरूरी बुनियादी ढांचे, कौशल विकास और नीति समर्थन को मजबूत बनाया जा रहा है ताकि हरियाणा प्रदेश को एक प्रमुख मेन्युफेक्चरिंग हब के रूप में स्थापित किया जा सकें.
उन्होंने बताया कि इन सभी कार्यों का समन्वय विदेशी सहयोग विभाग द्वारा किया जा रहा है. आज हरियाणा ही देश का एकमात्र ऐसा राज्य है जहां विदेश सहयोग विभाग पूरी तरह से कार्यरत हैं और इसी का नतीजा है कि प्रदेश में औद्योगिक निवेश को निरंतर बढ़ावा मिल रहा है. सीएम ने कहा कि इस नए प्लांट के स्थापित होने से हजारों लोगों के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के अवसर पैदा होंगे.
