चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार ने 19 जुलाई 2016 से पहले सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों को बड़ी राहत दी है. अब ऐसे कर्मचारियों की पेंशन दोबारा निर्धारित की जाएगी, जिन्हें नोशनल इंक्रीमेंट का लाभ मिला है. सरकार के इस फैसले से पात्र रिटायर कर्मचारियों की पेंशन में बढ़ोतरी हो सकेगी. हालांकि, संशोधित पेंशन का लाभ मिलेगा लेकिन 1 मई 2023 से पहले की अवधि का कोई एरियर नहीं दिया जाएगा. वित्त विभाग की ओर से जारी निर्देशों के अनुसार यह व्यवस्था केवल उन कर्मचारियों पर लागू होगी जो 19 जुलाई 2016 से पहले रिटायर हुए थे और जिन पर हरियाणा सिविल सेवा (पेंशन) नियम, 2016 लागू नहीं होते.

अब ऐसे मामलों में विभागों को हर फाइल अलग- अलग मंजूरी के लिए वित्त विभाग भेजने की जरूरत नहीं होगी. सामान्य छूट के आधार पर ही पेंशन का पुनर्निर्धारण किया जा सकेगा जिससे प्रक्रिया तेज होगी.
हरियाणा सरकार का बड़ा ऐलान
नोशनल इंक्रीमेंट के आधार पर किसी भी कर्मचारी को वेतन का वास्तविक भुगतान या अन्य वित्तीय लाभ नहीं मिलेगा. इसके अलावा, 1 मई 2023 से पहले की बढ़ी हुई पेंशन का कोई बकाया भी नहीं दिया जाएगा. सभी प्रशासनिक विभाग यह सुनिश्चित करें कि नोशनल इंक्रीमेंट वित्त विभाग द्वारा 17 सितंबर 2025 और 2 जून 2026 को जारी दिशा- निर्देशों के अनुरूप ही दिया गया हो. पेंशन और वेतन निर्धारण का सत्यापन संबंधित विभाग में तैनात एसएएस अधिकारी करेंगे.
दोबारा तय होगी पेंशन
सरकार के इस फैसले से लंबे समय से संशोधित पेंशन का इंतजार कर रहे कई सेवानिवृत्त कर्मचारियों को राहत मिलने की उम्मीद है. साथ ही विभागीय स्तर पर मामलों के निपटारे में तेजी आएगी और बार- बार वित्त विभाग से मंजूरी लेने की आवश्यकता भी नहीं रहेगी. इससे पेंशन पुनर्निर्धारण की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सरल हो जाएगा.