चंडीगढ़ | हरियाणा की नायब सैनी सरकार ने मिश्रित भूमि उपयोग क्षेत्रों के लिए नई पॉलिसी जारी कर दी है. अब इन शहरी क्षेत्रों में कम से कम 70% हिस्सा मुख्य कार्य के लिए इस्तेमाल करना अनिवार्य होगा. राज्य सरकार ने पहली बार विकास योजनाओं में मिश्रित भूमि उपयोग क्षेत्रों में अनुमत उपयोगों का प्रतिशत निर्धारित कर दिया है. नगर एवं ग्राम योजना विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अनुराग अग्रवाल ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं. उदाहरणस्वरूप यदि प्रमुख उपयोग के अन्तर्गत प्रस्तावित भूमि उपयोग क्षेत्र (AFAR) 70% हैं तो परियोजना प्रस्तावक को उक्त उपयोग के अन्तर्गत न्यूनतम 70% भूमि आवरण प्राप्त करना होगा.

हरियाणा सरकार ने जारी की नई पॉलिसी
उपरोक्त मिश्रित भूमि उपयोग केवल सेवा सड़कों पर ही अनुमत होगा, जो सेक्टर विभाजक सड़कों के किनारे मौजूदा या प्रस्तावित हों और जिनकी न्यूनतम चौड़ाई 24 मीटर हो. नई नीति के अनुसार मिश्रित भूमि उपयोग क्षेत्रों में आवासीय, वाणिज्यिक और संस्थागत उपयोगों की अनुमति होगी. पहले से अधिसूचित विकास योजनाओं में, जहां औद्योगिक उपयोग को अन्य तीन संगत उपयोगों अर्थात आवासीय, वाणिज्यिक और संस्थागत के साथ अनुमत दिखाया गया है. वहां औद्योगिक उपयोग वर्तमान सीमा तक ही सीमित रहेगा और भविष्य में इसका कोई विस्तार अनुमत नहीं होगा.
विस्तार पर विचार
वर्तमान परिसर के भीतर ऐसे उपयोगों के विस्तार पर विचार किया जा सकता है. इसके अतिरिक्त यदि ऐसी किसी मौजूदा औद्योगिक इकाई के स्वामी भूमि उपयोग को अन्य तीन संगत उपयोगों अर्थात आवासीय, वाणिज्यिक और संस्थागत में परिवर्तित करना चाहते हैं, तो यह परिवर्तन लागू नीतिगत मापदंडों और मानदंडों के अनुसार ही अनुमत होगा.
मिश्रित भूमि उपयोग वाली परियोजनाओं में न्यूनतम 70% प्रमुख उपयोग और अधिकतम 30% संबद्ध उपयोग किया जा सकेगा. संबद्ध उपयोग का प्रतिशत साढ़े 7% तक कम किया जा सकता है, जो संबद्ध उपयोग की अधिकतम सीमा का 25% होगा.“`html id=”n5r2kd”
| प्रमुख उपयोग | संबद्ध उपयोग | न्यूनतम क्षेत्रफल मानदंड | अनुमत एफएआर | अधिकतम भूमि कवरेज |
|---|---|---|---|---|
| आवासीय | वाणिज्यिक | 4.00 एकड़ | 1.75 | 60% |
| वाणिज्यिक | आवासीय | 2.00 एकड़ | 1.75 | 60% |
| संस्थागत | आवासीय | 5.00 एकड़ | 1.50 | 40% |
| संस्थागत | वाणिज्यिक | 2.00 एकड़ | 1.50 | 40% |