महेंद्रगढ़ | हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के डेरोली अहीर गांव के 70 वर्षीय संतलाल अपने अनोखे दावे को लेकर एक बार फिर चर्चा में हैं. संतलाल का कहना है कि उन्हें मौसम के विपरीत एहसास होता है. भीषण गर्मी में जहां लोग एसी और कूलर का सहारा लेते हैं, वहीं उन्हें ठंड लगती है. दूसरी ओर सर्दियों में उन्हें गर्मी महसूस होती है और वे बर्फ की सिल्ली पर लेटकर राहत पाते हैं.

उनकी इस अनोखी स्थिति के चलते गांव के लोग उन्हें मजाक में ‘मौसम विभाग’ कहकर बुलाते हैं. हालांकि, डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे दावों की पुष्टि बिना चिकित्सकीय जांच के नहीं की जा सकती. इसके पीछे कई स्वास्थ्य संबंधी कारण हो सकते हैं.
गर्मी में कंबल का सहारा
संतलाल पेशे से राजमिस्त्री हैं. उनके परिवार में पत्नी, चार बेटे, बहुएं और पोते- पोतियां रहते हैं. उनका कहना है कि तेज गर्मी के दिनों में भी उन्हें ठंड महसूस होती है. इसी कारण वे दो मोटे कंबल ओढ़कर बैठते हैं और जरूरत पड़ने पर अलाव जलाकर उसके सामने तापते हैं. उनका दावा है कि इतनी गर्मी में भी उन्हें पसीना नहीं आता. संतलाल के मुताबिक सर्दियों में स्थिति पूरी तरह उलट जाती है. जब लोग ठंड से बचने के लिए गर्म कपड़े पहनते हैं, तब उन्हें गर्मी सताती है. राहत पाने के लिए वे बर्फ की सिल्ली पर लेटते हैं और सुबह ठंडे तालाब में स्नान भी करते हैं. उनका दावा है कि वे करीब 3 घंटे तक बर्फ की सिल्ली पर लेटे रहने का रिकॉर्ड बना चुके हैं. इस दौरान बर्फ भी खाते रहे.
कई बार हुई जांच
संतलाल का कहना है कि उनकी इस स्थिति को समझने के लिए समय- समय पर डॉक्टरों की टीमें गांव पहुंचीं और कई स्वास्थ्य जांच भी की गईं, लेकिन अब तक कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया. उनका यह भी दावा है कि उन्हें आज तक कोई गंभीर बीमारी नहीं हुई और उनकी इस अनोखी पहचान के लिए जिला प्रशासन भी कई बार सम्मानित कर चुका है. गांव के महावीर प्रसाद और सुरेश कुमार का कहना है कि संतलाल की यह स्थिति बचपन से ही है. उनके अनुसार, वर्षों से वे मौसम के विपरीत प्रतिक्रिया देते हैं और इसी वजह से दूर- दूर से लोग उन्हें देखने और उनके बारे में जानने गांव पहुंचते हैं.
हालात हो सकते हैं असामान्य
जनरल फिजिशियन डॉ. सुरेंद्र मित्तल के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति को गर्मियों में भी असामान्य रूप से ठंड महसूस होती है, तो इसे सामान्य मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. इसके पीछे हाइपोथायराइडिज्म (थायराइड की कमी), एनीमिया (हीमोग्लोबिन की कमी), आयरन या विटामिन B- 12 की कमी, ऑटोनोमिक नर्वस सिस्टम की गड़बड़ी या शरीर में वसा (फैट) की कमी जैसे कारण हो सकते हैं.
उन्होंने बताया कि धूम्रपान करने वालों में भी रक्त संचार प्रभावित होने के कारण हाथ- पैर ठंडे रहने की शिकायत देखी जाती है. केवल किसी व्यक्ति के दावे के आधार पर निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता. ऐसी स्थिति का वास्तविक कारण चिकित्सकीय जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकता है.