नई दिल्ली, Viral Video | कई परिवार अपनी मन्नत पूरी होने पर मंदिरों या धार्मिक स्थलों पर अलग- अलग तरीकों से आस्था जताते हैं. कोई मिठाई चढ़ाता है, कोई नारियल या गुड़ अर्पित करता है, तो कुछ लोग बच्चे को तराजू में बैठाकर उसके बराबर वजन का प्रसाद या अन्य सामान तौलते हैं. इन दिनों सोशल मीडिया पर भी कुछ ऐसा ही एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक छोटे बच्चे को 500-500 रुपये के नोटों की गड्डियों से तौला जाता दिख रहा है. इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर तरह- तरह की चर्चाएं छिड़ गई हैं और लोग अपनी- अपनी राय रख रहे हैं.

वायरल वीडियो में एक छोटे बच्चे को तराजू के एक पलड़े में बिठाया गया है. वहां मौजूद कुछ पुरुष और एक महिला नजर आते हैं. एक व्यक्ति बच्चे को संभाले रखता है, जबकि एक महिला तराजू के दूसरे पलड़े में एक- एक कर 500- 500 रुपये के नोटों की गड्डियां रखती जाती है.
देखें Video
इस दौरान बच्चा रोता हुआ भी दिखाई देता है. जैसे ही दोनों पलड़ों का वजन बराबर होने लगता है, वहां मौजूद एक अन्य व्यक्ति तराजू को ऊपर उठाकर सबको दिखाता है, इसके बाद, वीडियो समाप्त हो जाता है. वीडियो को शेयर करते हुए दावा किया गया कि परिवार ने किसी धार्मिक स्थान पर मन्नत मांगी थी कि अगर घर में बच्चा होगा तो उसे नोटों से तौला जाएगा. मन्नत पूरी होने के बाद परिवार ने अपना वादा निभाते हुए बच्चे को 500- 500 के नोटों से तौला. दावे के मुताबिक, तौलने के बाद यह पैसा प्रसाद के तौर पर लोगों में बांटा जाएगा.
गांव में कई धार्मिक स्थानों पर मन्नते मांगी जाती है कि मुझे बच्चा हुआ तो में अपने बच्चे को मिठाई , नारियल , गुड़ ,शक्कर ,सिक्के या अन्य कई प्रकार की चीजें में तोलूंगा ।
मन्नत पूरी होने पर बच्चे को तोला जाता है और प्रसादि वही बाट दी जाती है ।
इस बच्चे को नोटो की गद्दी में तोलने… pic.twitter.com/ZJPr0Retyp
— आजाद फिरोज मंसूरी ASP (@Firojkh74200536) July 27, 2026
मजेदार कमेंट्स
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स की प्रतिक्रियाएं भी अलग- अलग रहीं. एक यूजर ने लिखा कि मन्नत पूरी करने के बाद शायद इस रकम का आधा हिस्सा उसी परिवार के पास वापस आ जाएगा. एक अन्य यूजर ने सवाल उठाया कि आखिरकार यह पैसा किसे दिया जाएगा. कुछ लोगों ने इसे मन्नत पूरी करने की पुरानी परंपरा बताया, तो कई यूजर्स ने इसे अंधविश्वास करार दिया. एक यूजर ने हैरानी जताते हुए लिखा कि लोग कैसी- कैसी मन्नतें मांग लेते हैं. वहीं, कुछ का कहना था कि गांवों में आज भी ऐसी परंपराएं आम देखने को मिलती हैं.