नई दिल्ली | राजधानी दिल्ली के कई इलाकों में अगले दो दिन पानी की सप्लाई प्रभावित रहने वाली है. दिल्ली जल बोर्ड (DJB) ने जानकारी दी है कि पाइपलाइन के इंटरकनेक्शन कार्य के चलते 23 जुलाई की सुबह से 24 जुलाई की सुबह तक कई क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति बाधित रहेगी या फिर बेहद कम दबाव के साथ मिलेगी. ऐसे में लोगों को पहले से पानी का पर्याप्त भंडारण करने की सलाह दी गई है. दिल्ली जल बोर्ड के अनुसार, ‘ख्याला मेन’ की 900 मिलीमीटर व्यास वाली पाइपलाइन को जोड़ने का काम दो स्थानों पर किया जाएगा.

पहला कार्य पंजाबी बाग क्लब के सामने स्थित श्मशान भूमि के पास और दूसरा पंजाबी बाग एमसीडी जन्माष्टमी ग्राउंड, मोती नगर रेड लाइट के पास किया जाएगा. इस तकनीकी कार्य के दौरान जल आपूर्ति व्यवस्था पर असर पड़ेगा.
सप्लाई प्रभावित
इस काम की वजह से नारायणा यूजीआर कमांड एरिया के कई हिस्सों में पानी की सप्लाई प्रभावित रहेगी. इनमें इंद्रपुरी, टोडापुर गांव, नारायणा गांव, नारायणा विहार, कृषि कुंज, मानसरोवर गार्डन और राजौरी गार्डन प्रमुख रूप से शामिल हैं. इन इलाकों में लोगों को निर्धारित अवधि के दौरान पानी की कमी का सामना करना पड़ सकता है. इसके अलावा, एमईएस, कीर्ति नगर बीपीएस/ यूजीआर कमांड एरिया, एचएमपी कॉलोनी, पंजाबी बाग बीपीएस/ यूजीआर के कुछ हिस्सों, तिलक नगर, ख्याला, विष्णु गार्डन, जेजे कॉलोनी ख्याला, रवि नगर, चांद नगर और आसपास के क्षेत्रों में भी जलापूर्ति प्रभावित रहने की संभावना है. इन इलाकों में या तो पानी नहीं आएगा या फिर लो प्रेशर के साथ सप्लाई होगी.
हेल्पलाइन नंबर जारी
दिल्ली जल बोर्ड ने प्रभावित क्षेत्रों के लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की परेशानी से बचने के लिए पहले से जरूरी मात्रा में पानी स्टोर कर लें. विभाग का कहना है कि पाइपलाइन इंटरकनेक्शन का यह कार्य जलापूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए किया जा रहा है, इसलिए कुछ समय के लिए असुविधा हो सकती है. यदि कार्य के दौरान किसी इलाके में पानी की गंभीर कमी होती है तो लोग जल बोर्ड की ओर से उपलब्ध कराए जाने वाले पानी के टैंकर की सुविधा का लाभ उठा सकते हैं.
इसके लिए दिल्ली जल बोर्ड ने आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर 1916, 23527679, 23538495 और 23634469 जारी किए हैं. जरूरत पड़ने पर इन नंबरों पर संपर्क कर पानी का टैंकर मंगाया जा सकता है. विभाग ने लोगों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि कार्य पूरा होने के बाद जलापूर्ति सामान्य कर दी जाएगी.